वेस्टइंडीज और ऑस्ट्रेलिया के बीच चल रही टेस्ट सीरीज़ का पहला मुकाबला बारबाडोस के केंसिंग्टन ओवल मैदान पर खेला जा रहा है। दो दिन का खेल पूरा हो चुका है और इन दो दिनों में कुल 24 विकेट गिर चुके हैं, जिससे मुकाबला बेहद रोमांचक हो गया है। लेकिन इस मुकाबले में एक और चीज़ चर्चा का विषय बनी हुई है—विवादित अंपायरिंग।
मैच का हाल
ऑस्ट्रेलिया ने पहली पारी में केवल 180 रन बनाए, जिसके जवाब में वेस्टइंडीज की टीम 190 रन पर ऑलआउट हो गई। इस तरह वेस्टइंडीज को पहली पारी में 10 रनों की बढ़त मिली। इसके बाद ऑस्ट्रेलिया ने दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक अपनी दूसरी पारी में 4 विकेट पर 92 रन बना लिए हैं।
तीसरे अंपायर के फैसलों पर विवाद
इस मुकाबले में तीसरे अंपायर एड्रियन होल्डस्टॉक (दक्षिण अफ्रीका) के फैसलों पर सवाल उठाए जा रहे हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ कई विवादास्पद निर्णय दिए गए, जिससे कोच डेरेन सैमी नाराज़ नजर आए। आइए जानते हैं किन पांच फैसलों पर विवाद हुआ:
1. ट्रेविस हेड का कैच
ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी के 46वें ओवर में शमर जोसेफ की गेंद ट्रेविस हेड के बल्ले से लगकर विकेटकीपर शाई होप के पास गई। रिप्ले में कैच क्लीन लग रहा था, लेकिन एक एंगल से स्पष्ट नहीं दिखा। तीसरे अंपायर ने यह कहते हुए बल्लेबाज़ को नॉटआउट करार दिया कि पर्याप्त सबूत नहीं हैं।
2. रोस्टन चेज़ का LBW
वेस्टइंडीज की पारी के दौरान जोश हेज़लवुड की गेंद पर चेज़ के खिलाफ अपील हुई, लेकिन मैदानी अंपायर ने नॉटआउट दिया। ऑस्ट्रेलिया ने रिव्यू लिया, लेकिन रिप्ले में यह स्पष्ट नहीं हो सका कि गेंद पहले पैड पर लगी या बल्ले पर। तीसरे अंपायर ने मैदानी अंपायर का फैसला बरकरार रखा।
3. चेज़ फिर विवाद में
चेज़ 50वें ओवर में फिर LBW दिए गए। उन्होंने रिव्यू लिया, जिसमें बल्ले और गेंद के बीच स्पाइक दिखा, लेकिन तीसरे अंपायर ने कहा कि गेंद और बल्ले के बीच गैप है। इस फैसले पर खासा विवाद हुआ।
4. शाई होप का कैच
सबसे ज्यादा चर्चा शाई होप के विकेट को लेकर हुई। कैच लेते वक्त गेंद ज़मीन से टच कर रही थी, लेकिन तीसरे अंपायर ने इसे क्लीन कैच करार दिया। इस फैसले से वेस्टइंडीज के कोच डेरेन सैमी बेहद नाखुश दिखे।
5. कैमरन ग्रीन बच निकले
ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी में जस्टिन ग्रीव्स की गेंद कैमरन ग्रीन के पैड पर लगी। वेस्टइंडीज ने रिव्यू लिया और स्पाइक साफ दिखा, लेकिन तीसरे अंपायर ने इसे बल्ले का किनारा मानकर नॉटआउट करार दिया।
कोच डेरेन सैमी ने क्या कहा?
मैच के बाद सैमी ने कहा,
“हम नहीं चाहते कि अंपायरिंग को लेकर मन में संदेह हो, लेकिन जब एक के बाद एक फैसले एक ही टीम के खिलाफ जाएं, तो सवाल उठते हैं। हम सिर्फ पारदर्शिता चाहते हैं।”
सैमी ने यह भी माना कि उनकी टीम ने कुछ कैच छोड़े हैं और वह भी हार का एक कारण हो सकते हैं। लेकिन उन्होंने साफ कहा कि गलत फैसलों के बावजूद भी उनकी टीम मैच जीतने की स्थिति में है।
इस टेस्ट मैच में जहां रोमांच भरपूर है, वहीं अंपायरिंग को लेकर विवाद ने एक नई बहस को जन्म दे दिया है। अब देखना होगा कि ICC इस पर क्या रुख अपनाता है।
