भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज ने इंग्लैंड के खिलाफ बर्मिंघम टेस्ट की पहली पारी में जबरदस्त गेंदबाजी करते हुए 6 विकेट लेकर सबको चौंका दिया। सिराज ने 19.3 ओवर में 70 रन देकर 6 विकेट चटकाए और इंग्लिश बल्लेबाजों की कमर तोड़ दी। यह टेस्ट क्रिकेट में उनका चौथा मौका है जब उन्होंने 5 या उससे ज्यादा विकेट लिए हैं।
सिराज ने तोड़ा कपिल देव का 46 साल पुराना रिकॉर्ड
सिराज ने अपने इस शानदार प्रदर्शन से भारत के महान ऑलराउंडर कपिल देव का 46 साल पुराना रिकॉर्ड भी तोड़ दिया। कपिल देव ने साल 1979 में इंग्लैंड के खिलाफ बर्मिंघम टेस्ट में 48 ओवर में 146 रन देकर 5 विकेट लिए थे। लेकिन अब सिराज ने कम ओवरों और कम रन देकर ज्यादा विकेट लेकर इस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है।
इतना ही नहीं, सिराज ने इशांत शर्मा के प्रदर्शन को भी पीछे छोड़ दिया, जिन्होंने 2018 में इंग्लैंड के खिलाफ इसी मैदान पर 13 ओवर में 51 रन देकर 5 विकेट लिए थे।
बर्मिंघम में भारतीय गेंदबाजों का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन
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चेतन शर्मा – 6 विकेट (6/58) – 1986
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मोहम्मद सिराज – 6 विकेट (6/70) – 2025
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इशांत शर्मा – 5 विकेट (5/51) – 2018
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कपिल देव – 5 विकेट (5/146) – 1979
सिराज का प्रदर्शन इस मैदान पर किसी भारतीय गेंदबाज का दूसरा सबसे अच्छा प्रदर्शन बन गया है। उनसे ऊपर सिर्फ चेतन शर्मा हैं, जिन्होंने 1986 में 6/58 का रिकॉर्ड बनाया था।
1993 के बाद पहली बार विदेशी तेज गेंदबाज ने लिए इतने विकेट
बर्मिंघम के मैदान पर 1993 के बाद यह पहली बार है जब किसी विदेशी तेज गेंदबाज ने एक पारी में 6 विकेट चटकाए हैं। 31 साल के हैदराबाद के इस गेंदबाज ने टेस्ट के तीसरे दिन इंग्लैंड की टॉप बैटिंग लाइनअप को तहस-नहस कर दिया। एक वक्त इंग्लैंड का स्कोर 84/5 था, लेकिन इसके बाद हैरी ब्रूक (158) और जैमी स्मिथ (184*) ने 303 रनों की जबरदस्त साझेदारी कर टीम को संभाल लिया।
‘मैं इस पल का लंबे समय से इंतजार कर रहा था’ – सिराज
अपनी कामयाबी पर बात करते हुए सिराज ने कहा,
“मेरा फोकस बहुत ज्यादा कोशिश करने की बजाय एक ही लाइन लेंथ पर गेंद डालने पर था। मुझे जिम्मेदारी लेना और चुनौती पसंद है। मैं लंबे समय से इस दिन का इंतजार कर रहा था। बर्मिंघम में मैंने पहले कभी 5 विकेट नहीं लिए थे, इस बार 6 विकेट मिले – ये मेरे लिए बेहद खास है।”
दूसरी नई गेंद से सिराज ने इंग्लैंड के निचले क्रम के बल्लेबाजों को भी जल्दी-जल्दी पवेलियन भेजा और इंग्लैंड की पहली पारी 407 रन पर खत्म हो गई। उनके इस बेहतरीन प्रदर्शन से भारत को मजबूत वापसी का मौका मिला है।
मोहम्मद सिराज की यह गेंदबाजी न सिर्फ व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि भारतीय क्रिकेट इतिहास में भी एक सुनहरे पल की तरह याद की जाएगी। उनकी मेहनत और अनुशासन ने दिखा दिया कि वे टीम इंडिया के लिए कितना अहम हथियार हैं।
