मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने चुनाव से पहले किया गया एक और वादा पूरा कर दिखाया है। सरकार ने राज्य भर के 4727 लाभार्थियों के कुल 67.84 करोड़ रुपये के कर्ज माफ कर दिए हैं। यह राहत पंजाब के अनुसूचित जाति समुदाय और दिव्यांग व्यक्तियों के लिए एक बड़ी सौगात मानी जा रही है।
इस संबंध में जानकारी आम आदमी पार्टी के विधायक कुलवंत सिंह पंडोरी ने दी, जो विधानसभा क्षेत्र महल कलां से प्रतिनिधित्व करते हैं। उन्होंने अपने गांव पंडोरी में आयोजित एक कार्यक्रम में कर्ज माफी के प्रमाण पत्र वितरित किए।
इस अवसर पर श्री पंडोरी ने लाभार्थियों रमनदीप सिंह (भोतना), रंजीत सिंह (नरायनगढ़ सोहिया), भूपिंदर सिंह (कलालमाजरा), सुखविंदर सिंह (भोतना) और कुलदीप सिंह (सहिजड़ा) को पंजाब अनुसूचित जाति विकास और वित्त निगम द्वारा जारी कर्ज माफी प्रमाण पत्र सौंपे।
विधायक ने बताया कि केवल बर्नाला जिले में ही लगभग 30 लाख रुपये के कर्ज माफ किए गए हैं। उन्होंने बताया कि यह माफी 31 मार्च 2020 से पहले लिए गए ऋणों पर लागू होगी। यह निर्णय खासकर उन लोगों की सहूलियत के लिए लिया गया है जो कोविड महामारी के दौरान उत्पन्न आर्थिक संकट के कारण अपना कर्ज चुकाने में असमर्थ रहे।
हर वर्ग की भलाई के लिए वचनबद्ध है सरकार
श्री पंडोरी ने कहा, “मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार समाज के हर वर्ग की बेहतरी के लिए गंभीर प्रयास कर रही है। गांवों को खुशहाल और विकासशील बनाने के लिए सरकार ने जो योजनाएं चलाई हैं, उन्हें सफल बनाने के लिए जनता को सहयोग देना चाहिए।”
उन्होंने यह भी बताया कि सरकार ने इस योजना के लिए पर्याप्त बजट प्रावधान किया है और पारदर्शी तरीके से लाभार्थियों की सूची तैयार की गई है। यह निर्णय विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को राहत देने के उद्देश्य से लिया गया है।
इस कार्यक्रम में नायब तहसीलदार पवन कुमार, मार्केट कमेटी चेयरमैन सुखविंदरदास बावा, मुख्य सलाहकार दविंदर सिंह धनोआ कुत्बा, ब्लॉक प्रधान गुरजीत सिंह धालीवाल, हरगनप्रीत सिंह गागेवाल, सोशल मीडिया प्रभारी जसप्रीत सिंह, और कई अन्य कार्यकर्ता तथा स्थानीय नेता भी मौजूद थे।
यह कदम भगवंत मान सरकार के सामाजिक न्याय की दिशा में उठाए गए ठोस प्रयासों का प्रमाण है, जो गरीब और पिछड़े वर्गों के जीवन को आसान बनाने की ओर एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
