पिछले एक हफ्ते से लगातार बढ़ रही सोने की कीमतों पर सोमवार को अचानक ब्रेक लग गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रूथ’ पर किए गए एक ऐलान के बाद मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने के दाम में 1400 रुपये से ज्यादा की गिरावट देखी गई। ट्रंप ने घोषणा की कि गोल्ड बार पर किसी तरह का टैरिफ नहीं लगाया जाएगा।
ट्रंप का सोशल मीडिया पोस्ट बना टर्निंग पॉइंट
सोमवार को ट्रंप ने अपने पोस्ट में कहा, “सोने पर टैरिफ नहीं लगेगा।” यह बयान अमेरिकी सीमा शुल्क और सीमा सुरक्षा विभाग के हालिया फैसले के ठीक बाद आया, जिसमें गोल्ड बुलियन को टैरिफ के दायरे में लाने की बात कही गई थी। ट्रंप की घोषणा के तुरंत बाद न्यूयॉर्क मर्केंटाइल एक्सचेंज पर अगस्त डिलीवरी वाले सोने के वायदा भाव में 2% से ज्यादा की गिरावट दर्ज हुई।
पहले क्यों बढ़ रहे थे दाम?
इससे पहले स्विट्जरलैंड और अन्य ट्रेडिंग व रिफाइनिंग केंद्रों से भेजे जाने वाले सोने की कीमतों में तेजी आई थी। वजह थी अटकलें कि अमेरिकी कस्टम 1 किलो और 100 औंस की गोल्ड बार पर टैरिफ लगाएगा। स्विट्जरलैंड दुनिया के बड़े सोना निर्यातकों में शामिल है और भारत भी यहां से बड़े पैमाने पर सोना आयात करता है।
अमेरिका का स्विट्जरलैंड पर टैरिफ और गोल्ड का असर
हाल ही में अमेरिका ने स्विट्जरलैंड से आने वाले सामान पर 39% टैरिफ लगाया था। अगर यह टैरिफ सोने पर लागू हो जाता, तो अंतरराष्ट्रीय बाजार में दाम बढ़ सकते थे। लेकिन ट्रंप के फैसले से सोने के वायदा भाव में गिरावट आई है, जिससे भारत जैसे आयातक देशों में भी कीमतें नीचे आ सकती हैं।
CBP के फैसले से बढ़ी थी बाजार की चिंता
अमेरिकी सीमा शुल्क और सीमा सुरक्षा विभाग (CBP) ने स्विट्जरलैंड से आयातित 1 किलो और 100 औंस वाली सोने की छड़ों को एक विशेष कस्टम कोड के तहत वर्गीकृत किया था, जिस पर 39% टैरिफ लगना तय था। यही सोने की छड़ें अमेरिकी वायदा बाजार में डिलीवरी के लिए सबसे ज्यादा इस्तेमाल होती हैं। इसी वजह से पिछले गुरुवार और शुक्रवार को कीमतों में तेज उछाल आया था।
MCX पर सोने का भाव
ट्रंप के ऐलान के बाद सोमवार को MCX पर 999 शुद्धता वाले सोने की कीमत 1409 रुपये या 1.38% गिरकर प्रति 10 ग्राम 1,00,389 रुपये पर आ गई। इससे पहले कीमत 1,01,199 रुपये तक पहुंच गई थी। मंगलवार को भी वायदा कारोबार में सोना गिरावट के साथ खुला। MCX पर सोने का अब तक का ऑल टाइम हाई 1,02,250 रुपये प्रति 10 ग्राम है, यानी मौजूदा भाव उससे 1861 रुपये कम है।
भारत के बाजार पर क्या होगा असर?
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में यह गिरावट बनी रहती है, तो भारत में भी सोने के खुदरा दाम में राहत देखने को मिल सकती है। हालांकि, त्योहारी सीजन और शादी-ब्याह के मौसम में मांग बढ़ने से कीमतों में फिर तेजी भी आ सकती है।
