पंजाब सरकार ने पेंशनभोगियों के लिए एक बड़ा कदम उठाते हुए पेंशन सेवा पोर्टल शुरू कर दिया है। इस पोर्टल की मदद से अब राज्य के पेंशनर्स को सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने या अधिकारियों की सिफारिश ढूंढने की ज़रूरत नहीं होगी। इसके ज़रिए रिटायर हो चुके कर्मचारियों को समय पर बैंक खाते में पेंशन मिल सकेगी।
पेंशन सेवा पोर्टल की शुरुआत
सरकार ने बताया कि पहले चरण में छह विभागों के रिटायर होने वाले कर्मचारियों के केस इस पोर्टल पर लिए जा रहे हैं। इनमें स्वास्थ्य, शिक्षा, पुलिस, जल आपूर्ति और स्वच्छता विभाग शामिल हैं। इन विभागों से रिटायर हो रहे कर्मचारियों का डेटा पोर्टल पर अपलोड किया जा रहा है और संबंधित बैंक को आवश्यक एनओसी भी भेजी जा रही है।
दिवाली तक पूरी तरह लागू होगी व्यवस्था
अधिकारियों के अनुसार, सरकार की योजना है कि यह पोर्टल दिवाली तक सभी कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए पूरी तरह तैयार हो जाए। इससे न केवल नए रिटायर होने वाले कर्मचारियों को लाभ मिलेगा, बल्कि पुराने पेंशनर्स का रिकॉर्ड भी ऑनलाइन उपलब्ध होगा। अनुमान है कि करीब तीन लाख पेंशनर्स को इसका सीधा फायदा मिलेगा।
घर बैठे जमा होगा लाइफ सर्टिफिकेट
पेंशनर्स को अब हर साल लाइफ सर्टिफिकेट जमा कराने के लिए बैंक या दफ्तर जाने की परेशानी से भी राहत मिलेगी। पोर्टल के ज़रिए यह प्रक्रिया घर बैठे पूरी की जा सकेगी। हर कर्मचारी को पोर्टल पर अलग-अलग आईडी दी जाएगी, जिससे वे अपनी जानकारी और दस्तावेज़ आसानी से अपलोड कर सकेंगे।
शिकायत निवारण की सुविधा भी
सरकार ने पोर्टल पर “ग्रिवेंस बॉक्स” की सुविधा भी जोड़ी है। यदि किसी पेंशनर को कोई समस्या या शिकायत हो, तो वह सीधे पोर्टल के ज़रिए दर्ज की जा सकेगी। यह शिकायत तुरंत संबंधित अधिकारी तक पहुँचेगी और तय समय सीमा में उसका समाधान करना अनिवार्य होगा।
अधिकारियों पर होगी सख्त निगरानी
चंडीगढ़ से वरिष्ठ अधिकारी पोर्टल पर हो रहे काम की निगरानी करेंगे। यदि कोई अधिकारी जानबूझकर फाइल को रोकेगा या लापरवाही करेगा, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सरकार का कहना है कि इस नई व्यवस्था से न केवल पारदर्शिता बढ़ेगी बल्कि पेंशनर्स की लंबे समय से चली आ रही परेशानियाँ भी खत्म होंगी।
