पंजाब सरकार ने ‘हिंद की चादर’ श्री गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहादत शताब्दी को लेकर राज्यभर में विशेष कार्यक्रमों की श्रृंखला शुरू करने का ऐलान किया है। इसकी जानकारी खुद मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने दी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य स्तरीय स्मृति समारोहों के लिए विशेष लोगो भी जारी किया।
ऐतिहासिक स्थलों पर होंगे आयोजन
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्यभर में उन ऐतिहासिक स्थलों पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जहाँ गुरु तेग बहादुर जी के पावन चरण पड़े थे। इन आयोजनों के जरिए पंजाब सरकार का मकसद लोगों को गुरु जी द्वारा दिखाए गए मार्ग की ओर प्रेरित करना है।
आदर्शों को अपनाने पर जोर
भगवंत मान ने कहा कि इन स्मृति समारोहों का मुख्य उद्देश्य लोगों को ‘हिंद की चादर’ नौवें पातशाह श्री गुरु तेग बहादुर जी द्वारा दिए गए संदेशों को आत्मसात करने के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने कहा कि गुरु जी ने अपने जीवन से धर्म निरपेक्षता, मानवता और बलिदान के सर्वोच्च आदर्श स्थापित किए। आज समाज को इन आदर्शों से जुड़ने की सबसे ज्यादा ज़रूरत है।

पंजाब सरकार की पहल
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यह सिर्फ़ धार्मिक आयोजन नहीं होंगे, बल्कि समाज को जागरूक करने और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का भी एक प्रयास है। उन्होंने कहा कि गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान ने भारत की धार्मिक और सांस्कृतिक एकता को नई दिशा दी थी और पंजाब सरकार इन्हीं मूल्यों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।
इन आयोजनों के माध्यम से पंजाब सरकार आने वाली पीढ़ियों तक यह संदेश पहुँचाना चाहती है कि गुरु तेग बहादुर जी का जीवन हर इंसान के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
