पिछले सप्ताह तेज गिरावट के बाद सोमवार को शेयर बाजार में विदेशी संकेतों के मिश्रित प्रभाव के बीच मिलाजुला रुख देखने को मिला। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 61.52 अंक की गिरावट के साथ 80,364.94 के स्तर पर बंद हुआ। सुबह के समय सेंसेक्स 282.36 अंक (0.35%) बढ़कर 80,708.82 पर खुला था। दिन भर के कारोबार में सेंसेक्स की 16 कंपनियों के शेयर बढ़त में रहे जबकि 14 कंपनियों के शेयर गिरावट में नजर आए।
मुख्य लाभार्थी और घाटे में रहने वाली कंपनियां
सेंसेक्स में शामिल कंपनियों में भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, ईटर्नल, टाटा स्टील, टाटा मोटर्स, टाइटन और महिंद्रा एंड महिंद्रा सबसे ज्यादा लाभ में रहीं। वहीं, हिंदुस्तान यूनिलीवर, एक्सिस बैंक, लार्सन एंड टूब्रो और भारतीय एयरटेल घाटे में रहे।
निफ्टी 50 भी गिरावट में
दूसरी ओर, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 50 सूचकांक 19.80 अंक यानी 0.08% की गिरावट के साथ 24,634.90 के स्तर पर बंद हुआ। सुबह निफ्टी 85.95 अंक (0.35%) की बढ़त के साथ 24,740.45 पर कारोबार कर रहा था।
एशियाई और वैश्विक बाजारों का रुख
एशियाई बाजारों में मिश्रित रुख देखने को मिला। दक्षिण कोरिया का कोस्पी, शंघाई का SSE कंपोजिट और हांगकांग का हेंग सेंग हरे निशान में बंद हुए, जबकि जापान का निक्केई 225 लाल निशान में बंद हुआ। अमेरिकी बाजार शुक्रवार को सकरात्मक बंद हुए।
कच्चे तेल और विदेशी निवेश का प्रभाव
अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड 0.60% की गिरावट के साथ 69.71 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) शुक्रवार को शुद्ध विक्रेता रहे और उन्होंने 5,687.58 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। वहीं, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 5,843.21 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।
विश्लेषकों की राय और निवेशकों के लिए संकेत
विश्लेषकों का कहना है कि बाजार में मिलाजुला रुख विदेशी संकेतों और घरेलू निवेश की गतिविधियों के मिश्रित प्रभाव का परिणाम है। निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहने और अच्छे कॉरपोरेट परिणामों तथा वैश्विक आर्थिक संकेतों पर ध्यान देने की सलाह दी गई है।
इस प्रकार, सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में मामूली गिरावट के बावजूद कारोबार की गति बनी रही और निवेशक भविष्य के संकेतों पर नजर बनाए हुए हैं।
