अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। शनिवार रात (11 अक्टूबर) को अफगान सेना ने पाकिस्तान की सीमा में घुसकर एक बड़ा सैन्य हमला किया, जिससे दोनों देशों के बीच साढ़े तीन घंटे तक भीषण गोलीबारी चलती रही। रिपोर्ट्स के मुताबिक, अफगान सेना ने यह कार्रवाई पाकिस्तानी चौकियों पर भारी हथियारों से हमला कर की थी।
हमला कैसे शुरू हुआ
भारतीय समयानुसार रात करीब 9 बजकर 23 मिनट पर अफगानिस्तान की सेना ने पाकिस्तान के साथ लगती 2,670 किलोमीटर लंबी सीमा पर सात अलग-अलग जगहों पर हमला शुरू किया। बताया जा रहा है कि यह हमला अफगान सेना की 210 ‘खालिद बिन वालिद ब्रिगेड’ और 205 ‘अल बद्र कॉर्प्स’ ने मिलकर किया था।
अफगान सेना ने एक साथ कई पाकिस्तानी पोस्टों को निशाना बनाया। इस दौरान उन्होंने भारी तोपखाने (आर्टिलरी), टैंक और रॉकेट लॉन्चर का इस्तेमाल किया। पाकिस्तानी चौकियों पर गोलाबारी इतनी तीव्र थी कि सीमा के आस-पास बसे इलाकों में दहशत फैल गई।
अफगान सेना का दावा
अफगानिस्तान की सरकार और सेना ने दावा किया है कि इस कार्रवाई में 12 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए हैं, जबकि 5 सैनिकों को हिरासत में लिया गया है। अफगान सैनिकों ने पाकिस्तान की कई चौकियों पर कब्जा करने और वहां से भारी हथियार ज़ब्त करने का भी दावा किया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, अफगान सेना ने एक पाकिस्तानी सैनिक के शव को अपने कैंप में भी ले जाया। बताया जा रहा है कि अफगान सैनिकों ने यह शव एक मिनी ट्रक में रखकर अपने बेस तक पहुँचाया।
अफगान उप प्रधानमंत्री कार्यालय के प्रमुख मुफ़्ती अब्दुल्ला आज़म ने कहा कि अफगान सेना ने इस कार्रवाई के दौरान चार पाकिस्तानी पोस्टों पर कब्जा कर लिया और दो सैनिकों को ज़िंदा पकड़ा है।
पाकिस्तान की ओर से जवाबी कार्रवाई
पाकिस्तान ने भी इस हमले के तुरंत बाद कड़ी सैन्य प्रतिक्रिया दी। दोनों देशों की सेनाओं के बीच करीब साढ़े तीन घंटे तक लगातार गोलीबारी होती रही। पाकिस्तानी सेना ने सीमा पर अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है और अपने हवाई निगरानी सिस्टम को सक्रिय किया है।
हालांकि पाकिस्तान की तरफ से अभी तक आधिकारिक तौर पर हताहतों की संख्या की पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, सीमा पर हालात तनावपूर्ण हैं और दोनों ओर सैनिकों की हलचल बढ़ गई है।
बढ़ता तनाव और संभावित असर
अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच यह झड़प डूरंड लाइन के पास हुई, जो दोनों देशों के बीच विवादित सीमा मानी जाती है। बीते कुछ महीनों से इस क्षेत्र में कई बार गोलीबारी की घटनाएँ हो चुकी हैं, लेकिन इस बार का हमला अब तक का सबसे बड़ा माना जा रहा है।
राजनयिक सूत्रों के अनुसार, दोनों देशों के बीच पहले से ही आतंकवाद और सीमा नियंत्रण को लेकर तनाव चल रहा है। अब इस घटना के बाद रिश्ते और बिगड़ सकते हैं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने भी इस बढ़ते तनाव पर चिंता जताई है और दोनों पक्षों से संयम बरतने की अपील की है।
स्थिति फिलहाल गंभीर
फिलहाल सीमा पर हालात गंभीर बताए जा रहे हैं। अफगान सेना के कुछ इलाकों में अब भी भारी सुरक्षा बल तैनात हैं। पाकिस्तान ने अपने नागरिकों को सीमावर्ती इलाकों से दूर रहने की सलाह दी है।
