पंजाब के कैबिनेट मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने देशवासियों को शिल्पकला के जनक भगवान विश्वकर्मा जी के पर्व पर हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि भगवान विश्वकर्मा ने सृष्टि की रचना में अहम भूमिका निभाई और उन्होंने कारीगरों व शिल्पकारों को नई दिशा दी।
हरजोत सिंह बैंस ने अपने विधानसभा क्षेत्र श्री आनंदपुर साहिब के लोगों को जारी संदेश में बताया कि वे श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित होने वाले समागमों के लिए देशभर के प्रमुख धार्मिक नेताओं, बुद्धिजीवियों और राज्यों के मुख्यमंत्रियों को आमंत्रित करने हेतु विभिन्न राज्यों का दौरा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि नौवें पातशाह, “हिंद दी चादर” श्री गुरु तेग बहादुर जी के शहीदी दिवस को पंजाब सरकार पूरी श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाने जा रही है। इन समागमों की तैयारियां जोरों पर हैं।
बैंस ने बताया कि मान सरकार की ओर से उनके क्षेत्र के कई ऐसे पिंड (गांव) जिनकी वर्षों से अनदेखी होती रही, अब विकास की नई राह पर हैं। इनमें सरसा नंगल, माजरी, आलोवाल, अवानकोट, हिम्मतपुर, खरोटा और आसपुर जैसे गांव शामिल हैं। उन्होंने कहा कि अब इन गांवों की तस्वीर और तकदीर बदलने का समय आ गया है।
उन्होंने बताया कि पुरानी नहर पर 10 करोड़ रुपये की लागत से एक नया पुल बनाया जा रहा है। यह पुल न सिर्फ लोगों की आवाजाही को आसान बनाएगा बल्कि क्षेत्र में उद्योग और व्यापार को भी नई गति देगा। इसके अलावा घनौली से माजरी, आलोवाल, अवानकोट, हिम्मतपुर, खरोटा और बड़ा पिंड तक 16-17 किलोमीटर लंबी सड़क को 18 फुट चौड़ा कर 9.25 करोड़ रुपये की लागत से व्हाइटनिंग का काम कराया जा रहा है। कुल मिलाकर इन विकास परियोजनाओं पर करीब 20 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
बैंस ने कहा कि ये प्रोजेक्ट क्षेत्र की तस्वीर और तकदीर दोनों बदल देंगे। उन्होंने यह भी बताया कि सरसा नंगल में ग्राउंड की सुंदरता का काम जारी है ताकि स्थानीय युवाओं को खेल के लिए बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
कैबिनेट मंत्री ने बताया कि आने वाले दिनों में वे देशभर के धार्मिक स्थलों का दौरा करेंगे और लोगों को श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शताब्दी समारोह में शामिल होने के लिए आमंत्रित करेंगे। उन्होंने बताया कि 23 नवंबर को श्री आनंदपुर साहिब में देश की प्रमुख धार्मिक हस्तियां श्री श्री रविशंकर जी और लोकेश मुनी जी पहुंचेंगी। साथ ही अन्य कई संत-महापुरुषों और विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों को भी इस पवित्र आयोजन में शामिल होने का निमंत्रण भेजा गया है।
बैंस ने कहा कि 1 नवंबर से श्री आनंदपुर साहिब में व्यापक सफाई अभियान शुरू किया जाएगा। गुरु की नगरी का हर कोना साफ-सुथरा और जगमगाया हुआ दिखाई देगा। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे इस ऐतिहासिक अवसर पर बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और गुरु तेग बहादुर जी की शिक्षाओं को जन-जन तक पहुंचाने में सहयोग करें।
यह आयोजन न सिर्फ श्रद्धा का प्रतीक होगा बल्कि पंजाब की समृद्ध आध्यात्मिक परंपरा और भाईचारे की मिसाल भी पेश करेगा।
