अगर आपके फोन पर ‘E-Vahan Challan’ या ‘M-Vahan Challan’ नाम की कोई फाइल आती है, तो सावधान हो जाइए! साइबर ठगों ने लोगों को ठगने का नया तरीका ढूंढ लिया है, जिसके जरिए वे आपके बैंक अकाउंट तक पहुंच सकते हैं। हाल ही में देहरादून में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जहां व्हाट्सएप पर भेजी गई एक फर्जी फाइल ने लोगों को लाखों का नुकसान पहुंचाया।
कैसे भेजते हैं साइबर ठग फर्जी चालान?
ठग व्हाट्सएप पर एक मैसेज भेजते हैं, जिसमें लिखा होता है – “आपका नाम चालान में है, चेक कर लीजिए”। इसके साथ एक फाइल अटैच होती है जिसका नाम “E-Vahan Challan.apk” या “M Parivahan Challan.apk” होता है।
यह फाइल दिखने में सरकारी ऐप जैसी लगती है, लेकिन असल में यह एक वायरस या स्पाईवेयर होती है, जो फोन में इंस्टॉल होते ही आपकी जानकारी चुराने लगती है।
हमारे सहयोगी उदित तिवारी के साथ भी ऐसा ही मामला हुआ। उन्हें ऐसा मैसेज मिला, लेकिन उन्होंने सतर्कता दिखाते हुए फाइल इंस्टॉल नहीं की। फाइल के नाम में “.apk” देखकर उन्होंने तुरंत पहचान लिया कि यह धोखाधड़ी है।
क्या होती है APK फाइल?
APK का मतलब होता है Android Package Kit। यह एक फॉर्मेट है जिसका इस्तेमाल एंड्रॉयड फोन में ऐप इंस्टॉल करने के लिए किया जाता है।
सामान्यत: यह फाइलें गूगल प्ले स्टोर से सुरक्षित तरीके से डाउनलोड की जाती हैं। लेकिन जब कोई अनजान लिंक या मैसेज से APK फाइल आती है, तो उसमें हैकर्स द्वारा बनाया गया हानिकारक कोड छिपा होता है।
जैसे ही आप फाइल को इंस्टॉल करते हैं, ठगों को आपके फोन, बैंक ऐप्स, कांटैक्ट्स और OTP तक एक्सेस मिल जाता है। इससे वे आपका WhatsApp हैक कर सकते हैं या बैंक खाता खाली कर सकते हैं।
फोन खुद भी देता है चेतावनी
अगर आप किसी अनजान APK फाइल को इंस्टॉल करने की कोशिश करते हैं, तो आपका स्मार्टफोन आमतौर पर चेतावनी देता है कि यह फाइल असुरक्षित है।
लेकिन कई बार लोग “Allow from Unknown Source” पर क्लिक कर देते हैं, जिससे फाइल फोन में घुस जाती है और सारी सुरक्षा टूट जाती है।
