दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए धमाके की जांच में सुरक्षा एजेंसियों को लगातार नए और बड़े सुराग मिल रहे हैं। जांच में अब एक ऐसा खुलासा सामने आया है जिसने पूरे सुरक्षा तंत्र को चौंका दिया है। जानकारी के मुताबिक, धमाका सिर्फ दिल्ली तक सीमित नहीं रहने वाला था। आतंकियों की योजना देश के चार अलग-अलग शहरों में एक साथ बड़े हमले की थी, जिसे किसी भी कीमत पर रोका जाना ज़रूरी था।
जांच से जुड़े सूत्रों के अनुसार, आठ संदिग्ध आतंकियों ने चार शहरों में एक साथ सीरियल ब्लास्ट करने का प्लान तैयार कर लिया था। इसके लिए उन्होंने खुद को चार टीमों में बाँट लिया था, हर टीम में दो-दो सदस्य शामिल थे। हर ग्रुप को अपने लक्ष्य शहर में पहुंचकर आईईडी यानी इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस लगाना था और तय समय पर धमाका करना था। इस प्लान को बहुत गुप्त तरीके से तैयार किया गया था ताकि किसी को भनक न लगे।
सुरक्षा एजेंसियां अब इन सभी टीमों की आवाजाही, फाइनेंसिंग, संपर्कों और इनके नेटवर्क की गहराई से छानबीन कर रही हैं। जांचकर्ता यह भी पता लगाने की कोशिश में हैं कि इन संदिग्धों को विस्फोटक सामग्री कहां से मिली और किसने उन्हें तकनीकी सहायता दी।
धमाके बेहद भयावह था। लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुआ ब्लास्ट इतना जोरदार था कि घटना के कई दिन बाद तक इलाके से मानव अंग मिलते रहे। 13 नवंबर को लाजपत राय मार्केट क्षेत्र में कुछ बॉडी पार्ट्स बरामद हुए। जांच से पता चला कि ब्लास्ट की तीव्रता इतनी अधिक थी कि ये अवशेष पास की इमारतों को पार करते हुए दूर तक जा गिरे थे। परिसर के पास स्थित जैन मंदिर की तीन मंजिला इमारत को पार कर कई हिस्से बाज़ार में पाए गए।
अज्ञात मृतकों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए इन सभी मानव अवशेषों को डीएनए टेस्टिंग के लिए भेजा गया है। पुलिस और फोरेंसिक टीम कोशिश कर रही हैं कि हर पीड़ित के परिवार तक सही जानकारी और उनका अंतिम पार्थिव अवशेष पहुंचाया जा सके।
जांच में एक और बड़ा खुलासा डॉक्टर उमर को लेकर हुआ है। शुरुआती जांच में यह संदेह था कि i20 कार को वही चला रहा था, लेकिन अब यह बात डीएनए रिपोर्ट से पूरी तरह पुष्टि हो गई है। एजेंसियों ने डॉक्टर उमर की मां के डीएनए सैंपल को कार से मिले हड्डियों और दांतों से मैच कराया, और रिपोर्ट में दोनों पूरी तरह मेल खाते मिले। इससे यह साफ हो गया कि कार में मौजूद व्यक्ति डॉक्टर उमर ही था।
क जांच अब एक बड़े आतंकी नेटवर्क की ओर इशारा कर रही है, जिसका मकसद सिर्फ दिल्ली नहीं बल्कि कई शहरों में दहशत फैलाना था। सुरक्षा एजेंसियां इस पूरे मॉड्यूल को पकड़ने के लिए तेजी से कार्रवाई कर रही हैं।
