पंजाब में इस साल तीसरे अंतरराष्ट्रीय पंजाबी भाषा ओलंपियाड को लेकर छात्रों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि इस प्रतियोगिता के लिए अब तक 2,25,916 विद्यार्थियों ने पंजीकरण करवाया है, जो अपने आप में एक बहुत बड़ा रिकॉर्ड है। यह आंकड़ा न सिर्फ पिछले वर्षों के मुकाबले कई गुना ज्यादा है, बल्कि यह भी दिखाता है कि दुनिया भर में पंजाबी भाषा का आकर्षण लगातार बढ़ रहा है।
शिक्षा मंत्री ने बताया कि पिछले दो संस्करणों में जहां 24,698 और 6,689 विद्यार्थियों ने भाग लिया था, वहीं इस बार यह संख्या लगभग नौ गुना बढ़ी है। यह बढ़ोतरी साफ संकेत देती है कि नई पीढ़ी अपनी मातृभाषा पंजाबी के प्रति ज्यादा जुड़ाव महसूस कर रही है। उनके अनुसार, यह उपलब्धि पंजाब सरकार के उन प्रयासों का परिणाम है, जिनके तहत दुनिया भर में पंजाबी भाषा और संस्कृति को बढ़ावा देने की योजनाएँ लगातार चल रही हैं।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार का लक्ष्य है कि बच्चे अपनी भाषाई जड़ों और सांस्कृतिक पहचान को गर्व के साथ अपनाएँ। बैंस ने कहा कि दुनिया भर के ढाई लाख से ज्यादा छात्रों का पंजाबी ओलंपियाड में हिस्सा लेना किसी सपने के सच होने जैसा है। इसमें विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों और स्कूलों का योगदान भी बेहद महत्वपूर्ण रहा है।
प्रतियोगिता को और प्रेरणादायक बनाने के लिए सरकार ने हर श्रेणी—प्राथमिक, मिडल और सेकेंडरी—में पहले 10 छात्रों के लिए आकर्षक पुरस्कार का एलान किया है।
- पहला पुरस्कार: 11,000 रुपए
- दूसरा पुरस्कार: 7,100 रुपए
- तीसरा पुरस्कार: 5,100 रुपए
इसके अलावा, उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले स्कूलों को भी सम्मानित किया जाएगा ताकि उनमें स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और उत्साह बना रहे।
शिक्षा मंत्री बैंस ने इस ओलंपियाड को सिर्फ एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि पंजाबी भाषा और संस्कृति का उत्सव बताया। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम बच्चों को भाषा कौशल विकसित करने का मौका देता है और आने वाली पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएँ दीं और उम्मीद जताई कि यह पहल बच्चों के व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण योगदान देगी।
पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड (PSEB) के चेयरमैन डॉ. अमरपाल सिंह ने बताया कि इस ओलंपियाड के लिए पंजीकरण 31 अक्टूबर को समाप्त हुआ। छात्रों को ऑनलाइन परीक्षा प्रणाली से परिचित कराने के लिए बोर्ड की ओर से बड़ी संख्या में ई-बुक्स उपलब्ध करवाई गईं। इसके अलावा 10, 11 और 12 नवंबर को मॉक टेस्ट की सुविधा दी गई, जिसमें 1,35,784 छात्रों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। एलिमेंटरी स्तर के छात्रों के लिए एक और अभ्यास परीक्षा 15 और 16 नवंबर को आयोजित होगी।
ऑनलाइन परीक्षाएँ 5 दिसंबर (प्राथमिक), 6 दिसंबर (मिडल) और 8 दिसंबर (सेकेंडरी) को होंगी। दूसरा चरण 15–16 दिसंबर को और फाइनल राउंड 23 दिसंबर 2025 को आयोजित किया जाएगा। बोर्ड ने कहा कि परीक्षा प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाएगा।
