पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को जेल में बंद हुए अब दो साल से भी ज्यादा, यानी लगभग 845 दिन हो चुके हैं। उनके परिवार और समर्थकों का आरोप है कि इमरान खान को जानबूझकर बाहरी दुनिया से अलग कर दिया गया है। न उनकी पत्नी-बच्चों को उनसे मिलने दिया जा रहा है और न ही उनकी पार्टी PTI के नेताओं को। इसी बीच एक सोशल मीडिया पोस्ट ने पूरा माहौल गरमा दिया है।
बेटे कासिम खान की पोस्ट ने बढ़ाई बेचैनी
ब्रिटेन में रहने वाले इमरान खान के बेटे कासिम खान ने X (ट्विटर) पर एक चौंकाने वाला संदेश पोस्ट किया। कासिम ने लिखा कि पिछले छह हफ्तों से उनके पिता को ऐसी जगह रखा गया है जहाँ न किसी से बात करने की अनुमति है और न ही परिवार को कोई खबर दी जा रही है।
उन्होंने यह भी लिखा कि “हमें यह भी नहीं पता कि हमारे पिता जीवित हैं या नहीं”। यह लाइन सामने आते ही पाकिस्तान के कई हिस्सों में तनाव बढ़ गया। कासिम और उनके भाई आमतौर पर राजनीति में दखल नहीं देते, लेकिन इस बार स्थिति ने उन्हें खुलकर बोलने पर मजबूर कर दिया।
“इमरान खान को छुपाया जा रहा है”
कासिम का दावा है कि यह सब सुरक्षा कारणों से नहीं, बल्कि एक सोची-समझी रणनीति है, ताकि इमरान खान को पूरी तरह अलग-थलग रखा जा सके।
उनका कहना है कि:
- अदालत के आदेशों के बावजूद उनकी बहनों को जेल में प्रवेश नहीं दिया गया
- वकीलों को मिलने की अनुमति नहीं मिली
- परिवार को किसी भी तरह की अपडेट नहीं दी जा रही
इन सब वजहों से इमरान खान की स्थिती को लेकर रहस्य और गहरा गया है।
अंतरराष्ट्रीय संगठनों से मदद की अपील
कासिम खान ने संयुक्त राष्ट्र, मानवाधिकार संस्थाओं और दुनिया की लोकतांत्रिक सरकारों से अनुरोध किया है कि वे पाकिस्तान पर दबाव डालें, ताकि उनके पिता की सही स्थिति का पता चल सके।
उन्होंने साफ कहा—“अगर मेरे पिता के साथ कुछ भी बुरा होता है, तो इसकी जिम्मेदारी सीधा पाकिस्तान सरकार पर होगी।”
अदियाला जेल के बाहर रातभर ड्रामा
रावलपिंडी की अदियाला जेल के बाहर एक और बड़ा ड्रामा हुआ।
खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी रातभर जेल के बाहर धरने पर बैठे रहे। उनका कहना था कि:
- सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के आदेश होने के बावजूद
- उन्हें इमरान खान से मिलने नहीं दिया जा रहा
अफरीदी का मकसद था कि अंतरराष्ट्रीय मीडिया इस स्थिति को देखे और जान सके कि पाकिस्तान में क्या हो रहा है।
सरकार और जेल प्रशासन की अलग कहानी
दूसरी ओर पाकिस्तान सरकार और जेल प्रशासन का दावा बिलकुल अलग है। उनका कहना है कि इमरान खान को कोई परेशानी नहीं है, बल्कि उन्हें वह सुविधाएं मिल रही हैं जो सामान्य कैदी को नहीं दी जातीं।
रक्षा मंत्री के अनुसार:
- इमरान खान को विशेष भोजन दिया जा रहा है
- जिम की सुविधा उपलब्ध है
- उन्हें आरामदायक व्यवस्था दी गई है
सरकार के इन बयानों को PTI समर्थक झूठ बता रहे हैं।
PTI का दबाव और आगे की उम्मीदें
लंबे तनाव और विरोध के बाद जेल प्रशासन ने घोषणा की कि इमरान खान की बहन अलीमा खान और परिवार के अन्य सदस्य उनसे मिल सकेंगे। इस घोषणा के बाद माहौल कुछ शांत हुआ है।
अब सबकी नज़रें इस मुलाक़ात पर टिकी हैं—क्या इमरान खान ठीक हैं, क्या उन्हें वास्तव में अलग-थलग रखा गया है, और क्या कासिम खान के आरोप सच साबित होते हैं?
आने वाले दिनों में यह मामला पाकिस्तान की राजनीति में बड़ा मोड़ ला सकता है।
