पंजाब सरकार ने पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक अहम फैसला लेते हुए ‘पंजाब प्रोटेक्शन ऑफ ट्रीज़ एक्ट, 2025’ को मंज़ूरी दे दी है। इस कानून का मुख्य उद्देश्य राज्य में पेड़ों की अनावश्यक कटाई को रोकना, हरित क्षेत्र को बढ़ाना और पर्यावरण संतुलन को सुरक्षित रखना है। सरकार का मानना है कि हरियाली ही आने वाली पीढ़ियों के लिए सबसे बड़ी विरासत है।
पेड़ों की कटाई पर सख्ती, संरक्षण पर ज़ोर
नए कानून के तहत पेड़ों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाएगी। बिना अनुमति पेड़ काटने पर सख्त कार्रवाई का प्रावधान किया जाएगा। इससे शहरी और ग्रामीण दोनों इलाकों में हरित आवरण को नुकसान से बचाने में मदद मिलेगी और प्रदूषण पर भी नियंत्रण रखा जा सकेगा।
राज्यभर में विकसित होंगे प्रकृति जागरूकता पार्क
वन एवं वन्यजीव संरक्षण विभाग के अंतर्गत राज्य के विभिन्न हिस्सों में वन और प्रकृति जागरूकता पार्क विकसित किए जा रहे हैं। पंचायत भूमि, आईटीआई परिसरों और शहरी क्षेत्रों में नए पर्यावरण पार्क बनाए जाएंगे, जहां लोग प्रकृति के महत्व को समझ सकेंगे और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक होंगे।
स्वच्छ हवा और सुरक्षित भविष्य का लक्ष्य
सरकार का फोकस केवल वर्तमान नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ हवा और सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित करना है। बढ़ता प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों को देखते हुए यह कानून एक मजबूत कदम माना जा रहा है।
हर जिले में पौधारोपण अभियान
वर्ष 2025-26 में ‘श्री गुरु तेग बहादुर जी हरितावल संकल्प’ के तहत पूरे पंजाब में बड़े स्तर पर पौधारोपण अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के अंतर्गत हर जिले में लाखों पौधे लगाए जाएंगे। सरकार का उद्देश्य है कि जनभागीदारी के साथ हरियाली को जन आंदोलन बनाया जाए।
पर्यावरण संरक्षण की ओर मजबूत पहल
पंजाब सरकार का यह कदम न सिर्फ पर्यावरण को बचाने की दिशा में महत्वपूर्ण है, बल्कि समाज में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का भाव भी पैदा करेगा। यह कानून हरित और स्वच्छ पंजाब की नींव मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगा।
