पंजाब के मुख्यमंत्री Bhagwant Mann ने चंडीगढ़ में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में राज्य के पानी, कृषि और युवाओं के भविष्य को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सरकार का मुख्य लक्ष्य भूजल पर निर्भरता कम करके नहरों का पानी हर खेत तक पहुंचाना है।
सिंचाई के लिए बड़ा निवेश
मुख्यमंत्री ने बताया कि सिंचाई ढांचे को मजबूत करने के लिए ₹6700 करोड़ का ऐतिहासिक निवेश किया गया है। इसके तहत 14,000 किलोमीटर नई पाइपलाइन और इस सीजन में 4,000 किलोमीटर नई नहरें बनाई गई हैं। 1 मई से नहरों में पूरा पानी छोड़ा जाएगा और 2 मई तक फाजिल्का व अबोहर जैसे टेल क्षेत्रों तक पानी पहुंच जाएगा।
भूजल स्तर में सुधार
सरकार के जल रिचार्ज प्रयासों से भूजल स्तर में 2 से 4 मीटर तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। यह कदम पानी की बचत और भविष्य के लिए संसाधनों को सुरक्षित रखने में अहम माना जा रहा है।
धान की बुवाई का नया प्लान
मजदूरों की सुविधा और बिजली बचत को ध्यान में रखते हुए धान की बुवाई को 4 ज़ोन में बांटा गया है। 15 मई से सीधी बुवाई शुरू होगी, जबकि 1 जून से चरणबद्ध तरीके से नहरों के पानी की आपूर्ति की जाएगी।
युवाओं और प्रवासियों पर ध्यान
मुख्यमंत्री ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया से डिपोर्ट होकर आए पंजाबियों की हर संभव मदद की जाएगी। साथ ही युवाओं को रोजगार देने के लिए भी सरकार लगातार काम कर रही है।
भविष्य को सुरक्षित करने का संकल्प
उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार का लक्ष्य राज्य के पानी की हर बूंद को बचाना और आने वाली पीढ़ियों का भविष्य सुरक्षित करना है। इसके लिए सभी योजनाएं तेजी से लागू की जा रही हैं।
