जालंधर शहर में कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाने और समाज विरोधी गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए जालंधर कमिश्नरेट पुलिस ने एक विशेष अभियान चलाया। इस अभियान को ‘सिटी सीलिंग ऑपरेशन’ नाम दिया गया, जिसमें शहर के विभिन्न हिस्सों में 80 हाईटेक नाके लगाए गए।
इस ऑपरेशन की कमान खुद पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर ने संभाली और अभियान की पूरी निगरानी की। उन्होंने खुद कई नाकों का दौरा किया और पुलिस अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए कि कानून-व्यवस्था से किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए।
ऑपरेशन की खास बातें
इस विशेष कार्रवाई के तहत:
- 378 पुलिसकर्मियों को शहर के अलग-अलग नाकों पर तैनात किया गया।
- 16 वरिष्ठ अधिकारी (गजटेड ऑफिसर्स) इस पूरे अभियान की निगरानी कर रहे थे।
- अभियान के दौरान 635 दोपहिया और 471 चार पहिया वाहनों की जांच की गई।
- 122 वाहनों के चालान किए गए और 8 वाहनों को जब्त कर लिया गया।
क्यों चलाया गया ये अभियान?
पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर ने बताया कि इस विशेष मुहिम को पंजाब पुलिस के डीजीपी गौरव यादव के निर्देश पर चलाया गया है। इसका उद्देश्य शहर में शांति और सुरक्षा बनाए रखना, अवैध गतिविधियों को रोकना और आम जनता में पुलिस के प्रति भरोसा बढ़ाना है।
उन्होंने कहा कि पुलिस शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और ऐसे ऑपरेशनों के जरिए आम जनता को यह संदेश दिया जा रहा है कि पुलिस हर वक्त सतर्क है।
30 स्थानों पर शिफ्टिंग नाके
अभियान के दौरान 30 स्थानों पर शिफ्टिंग नाके भी लगाए गए। यानी ये नाके समय-समय पर अपनी जगह बदलते रहे ताकि कोई भी संदिग्ध व्यक्ति या वाहन जांच से बच न सके। इससे पुलिस को शहर के अलग-अलग हिस्सों में प्रभावी तरीके से निगरानी रखने में मदद मिली।
देर रात तक जारी रही जांच
इस ऑपरेशन के तहत देर रात तक भी वाहन जांच का कार्य जारी रहा। पुलिस कमिश्नर ने यह भी सुनिश्चित किया कि हर नाके पर चेकिंग पूरी सतर्कता से हो और किसी भी संदिग्ध गतिविधि को तुरंत रोका जाए।
जनता में बढ़ा विश्वास
पुलिस की इस सख्त कार्रवाई से शहरवासियों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है। कई नागरिकों ने पुलिस के इस कदम की सराहना की और कहा कि ऐसे ऑपरेशन से न केवल अपराधियों पर लगाम लगती है, बल्कि आम जनता को यह विश्वास भी मिलता है कि उनकी सुरक्षा के लिए पुलिस हमेशा चौकस है।
जालंधर पुलिस का यह सिटी सीलिंग ऑपरेशन एक बड़ा और योजनाबद्ध प्रयास था, जिसमें आधुनिक तकनीक, सख्त निगरानी और पुलिस की मुस्तैदी देखने को मिली। इस मुहिम से यह साफ हो गया है कि जालंधर पुलिस समाज विरोधी तत्वों को किसी भी सूरत में बख्शने के मूड में नहीं है। इस तरह के ऑपरेशन भविष्य में भी जारी रहेंगे ताकि शहर में अमन और चैन बना रहे।
