पिछले दिनों पंजाब के बठिंडा में एक बड़ा हादसा उस वक्त टल गया, जब सरहिंद नहर में गिरती एक कार में सवार 11 लोगों को बठिंडा पुलिस की PCR टीम ने बहादुरी से बाहर निकाल लिया। इस कार में 5 बच्चे सहित कुल 11 लोग सवार थे। हादसे की जानकारी मिलते ही पीसीआर टीम तुरंत मौके पर पहुंची और बिना समय गंवाए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया।
बिना तैरना जाने कूदे हैड कांस्टेबल
रेस्क्यू के दौरान हैड कांस्टेबल जसवंत सिंह ने देखा कि कार के अंदर छोटे-छोटे बच्चे फंसे हुए हैं। बिना कोई देरी किए और यह जानते हुए कि उन्हें तैरना नहीं आता, जसवंत सिंह ने नहर में छलांग लगा दी। उनके साथी ने तुरंत नहर में रस्सी फेंकी, जिसकी मदद से एक-एक कर सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
मुख्यमंत्री ने की हौसला अफजाई
इस साहसिक कार्य के बाद, मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इन बहादुर पुलिसकर्मियों से चंडीगढ़ स्थित अपने आवास पर मुलाकात की। उन्होंने इन सभी जवानों की हिम्मत और इंसानियत के जज़्बे की सराहना की और कहा कि “यह पुलिसिंग का असली रूप है – जहां इंसानियत सबसे ऊपर है।”
मुख्यमंत्री ने टीम को भविष्य के लिए भी ऐसे ही निष्ठा और सेवा के भाव से कार्य करते रहने की प्रेरणा दी।
आम आदमी पार्टी ने साझा की तस्वीरें
मुख्यमंत्री के साथ हुई इस मुलाकात की तस्वीरें आम आदमी पार्टी के सोशल मीडिया अकाउंट्स पर साझा की गई हैं। इन तस्वीरों में मुख्यमंत्री मान को पुलिसकर्मियों के साथ गर्मजोशी से बातचीत करते देखा जा सकता है। पार्टी ने इस घटना को “इंसानियत और बहादुरी की जीवंत मिसाल” बताया है।
समाज में एक सकारात्मक संदेश
इस घटना ने न केवल बठिंडा बल्कि पूरे पंजाब में पुलिस की सकारात्मक छवि को मजबूत किया है। PCR टीम की सतर्कता और साहस से यह साबित हुआ कि पंजाब पुलिस न केवल कानून व्यवस्था संभालती है, बल्कि जरूरत पड़ने पर आम नागरिकों की जान बचाने के लिए भी हर मुमकिन कोशिश करती है।
