पंजाब सरकार श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी पर्व को भव्यता के साथ मनाने की तैयारी कर रही है। इस अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आमंत्रित किया जाएगा। मुख्यमंत्री भगवंत मान स्वयं दिल्ली जाकर इन्हें निमंत्रण देंगे।
सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों को आमंत्रण
समारोह में हरियाणा समेत सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों को शामिल होने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। इसके लिए मंत्रियों की एक विशेष टीम बनाई गई है, जो अलग-अलग राज्यों का दौरा कर ससम्मान निमंत्रण पेस करेगी।
मंत्रियों की जिम्मेदारी और यात्रा योजना
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वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा और लालचंद कटारूचक बंगाल, असम और ओडिशा के मुख्यमंत्रियों को निमंत्रण देंगे।
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अमन अरोड़ा और तरुणप्रीत सौंध दिल्ली, उत्तर प्रदेश, गुजरात और उत्तराखंड का दौरा करेंगे।
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डॉ. बलबीर सिंह और हरदीप सिंह मुंडिया छत्तीसगढ़ और झारखंड के मुख्यमंत्रियों को आमंत्रित करेंगे।
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मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ और बरिंदर कुमार गोयल केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु और पुडुचेरी में निमंत्रण देने जाएंगे।
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हरजोत सिंह बैंस और पर्यटन-सांस्कृतिक सलाहकार दीपक बाली महाराष्ट्र, बिहार, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर का दौरा करेंगे।
समारोह की रूपरेखा
सरकार ने समारोह का पूरा कार्यक्रम तय कर लिया है। यह आयोजन न केवल शहीदी दिवस की याद को जीवंत करेगा, बल्कि सिख धर्म और भारतीय संस्कृति के महत्त्व को भी उजागर करेगा।
धार्मिक और सामाजिक महत्त्व
350वां शहीदी पर्व समाज और धार्मिक जगत के लिए विशेष महत्त्व रखता है। यह कार्यक्रम सिख धर्म की विरासत को आगे बढ़ाने, समाज में एकजुटता और धार्मिक सम्मान को प्रोत्साहित करने में सहायक होगा।
पंजाब सरकार का यह कदम यह दर्शाता है कि राज्य न केवल धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत का सम्मान करता है, बल्कि इसे राष्ट्रीय स्तर पर भी सम्मान दिलाने का प्रयास कर रहा है। समारोह में उच्च स्तरीय मेहमानों की भागीदारी इसे और भी भव्य बनाएगी।
