पंजाब सरकार के ट्रांसपोर्ट विभाग ने आज 500 से अधिक नई मिनी बसों के परमिट जारी किए हैं। इससे राज्य के कई गांवों में मिनी बस सेवाएं फिर से शुरू होंगी। इन बसों का परिचालन 35 किलोमीटर के दायरे में होगा। परमिट वितरण कार्यक्रम चंडीगढ़ में आयोजित किया गया, जिसमें पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और ट्रांसपोर्ट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री का बयान
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि ये परमिट ‘स्व-रोजगार’ योजना के तहत जारी किए गए हैं। उन्होंने बताया कि कुल 505 परमिट जारी किए गए हैं, जिनमें करीब 450 ऐसे लोग शामिल हैं जिन्हें पहली बार परमिट मिला है और अब वे ट्रांसपोर्टर बन चुके हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पुराने परमिटों का नवीनीकरण भी किया गया है।
परमिट का वितरण क्षेत्रवार
राज्य में परमिट वितरण इस प्रकार रहा: जलंधर में 342, पटियाला में 98, बठिंडा में 66 और फिरोजपुर में 53 परमिट जारी किए गए। मुख्यमंत्री ने बताया कि अब तक 1,100 से अधिक परमिट जारी किए जा चुके हैं और जिन लोगों ने अब तक परमिट नहीं लिया, वे भी आवेदन कर सकते हैं।
गांवों में बेहतर आवाजाही का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि लंबे समय से गांवों के लोगों की यह मांग थी कि मिनी बसें गांवों में फिर से चलें। इससे जिनके पास निजी साधन नहीं हैं, वे आसानी से शहरों तक आ-जा सकेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार की कोशिश है कि युवाओं को नौकरी मांगने वाले न बनाएं बल्कि रोजगार देने वाले बनाएं।
नई सरकारी बसों की भी घोषणा
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि पंजाब सरकार 1,311 नई सरकारी बसें भी खरीदने जा रही है। उनका कहना था कि यह कदम राज्य के युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने और गांव-शहर के बीच बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने की दिशा में उठाया गया है।
युवाओं और ग्रामीणों को फायदा
सरकार का यह फैसला न केवल युवाओं को रोजगार देगा, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में आवाजाही और रोजमर्रा की जिंदगी को भी आसान बनाएगा। मिनी बसों की सेवाएं शुरू होने से लोगों को शहरी केंद्रों तक आसानी से पहुंचने में मदद मिलेगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी गति मिलेगी।
