पंजाब के कैबिनेट मंत्री और आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अमन अरोड़ा ने भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार विदेशी और घरेलू दोनों मामलों में पूरी तरह विफल साबित हुई है। पंजाब विधानसभा में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री लाल चंद कटारूचक्क द्वारा पेश किए गए निंदा प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान अमन अरोड़ा ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि सरकार के बड़े-बड़े दावों और जमीन पर मौजूद हालात के बीच साफ अंतर दिखाई दे रहा है।
गैस संकट और विज्ञापनों पर सवाल
अमन अरोड़ा ने कहा कि आज अखबारों में एक ओर गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारों की खबरें सामने आ रही हैं। कई होटल बंद होने की कगार पर पहुंच चुके हैं, शादियां रद्द हो रही हैं और घरों में रसोई चलाने को लेकर लोग चिंतित हैं। दूसरी ओर केंद्र सरकार पूरे पन्ने के विज्ञापन देकर लोगों को भरोसा दिलाने की कोशिश कर रही है। उनके अनुसार यह स्थिति बताती है कि असल में समस्या गंभीर है और इसे छिपाया नहीं जा सकता।
‘विश्व गुरु’ और ‘आत्मनिर्भर’ के दावों पर सवाल
उन्होंने प्रधानमंत्री के पुराने भाषणों का जिक्र करते हुए कहा कि पहले देश को “विश्व गुरु” और “आत्मनिर्भर भारत” बनाने की बातें कही जाती थीं। लेकिन आज की स्थिति इन दावों से बिल्कुल अलग दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि इतने वर्षों के बाद भी भारत कई जरूरी चीजों के लिए आयात पर निर्भर है, जो इन दावों को कमजोर साबित करता है।
विदेश नीति को लेकर भी आलोचना
अमन अरोड़ा ने कहा कि केंद्र सरकार की विदेश नीति भी सफल नहीं रही है। उनके अनुसार कई पड़ोसी देशों के साथ भारत के रिश्ते कमजोर हुए हैं और कुछ देश चीन के करीब जाते दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अंतरराष्ट्रीय घटनाओं पर भारत की प्रतिक्रिया भी कई बार स्पष्ट नहीं दिखती।
ऊर्जा उत्पादन और खपत के आंकड़े
मंत्री ने ऊर्जा क्षेत्र के आंकड़े पेश करते हुए कहा कि देश में प्राकृतिक गैस का उत्पादन घटा है जबकि इसकी खपत बढ़ती जा रही है। उनके अनुसार 2012 में प्राकृतिक गैस का उत्पादन करीब 40.68 बीसीएम था, जो 2024 में घटकर 35 बीसीएम रह गया। वहीं खपत 47 बीसीएम से बढ़कर 69 बीसीएम तक पहुंच गई है।
इसी तरह कच्चे तेल का घरेलू उत्पादन भी कम हुआ है, जबकि इसकी मांग लगातार बढ़ रही है। इससे देश की आयात पर निर्भरता बढ़ती जा रही है।
एलपीजी आयात पर बढ़ती निर्भरता
अमन अरोड़ा ने कहा कि 2014 में भारत की एलपीजी आयात निर्भरता करीब 45 प्रतिशत थी, जो अब बढ़कर लगभग 66 प्रतिशत हो गई है। उनके अनुसार यह स्थिति बताती है कि देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए आयात पर अधिक निर्भरता बढ़ रही है।
राज्य सरकार ने दिया भरोसा
अंत में अमन अरोड़ा ने कहा कि पंजाब सरकार राज्य के लोगों के हितों की रक्षा के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि तेल और एलपीजी जैसे क्षेत्रों पर केंद्र का नियंत्रण होने के बावजूद राज्य सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए लगातार काम कर रही है कि पंजाब के लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो और आवश्यक सेवाएं सुचारु रूप से मिलती रहें।
