पंजाब के वित्त मंत्री Harpal Singh Cheema ने नकोदर गोलीबारी की घटना को लेकर विपक्ष पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि इस मामले में वर्षों से न्याय की मांग उठती रही, लेकिन विपक्ष ने अपने शासनकाल में इस पर ठोस कदम नहीं उठाए।
मंत्री ने 1986 में हुई नकोदर गोलीबारी की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय निहत्थे प्रदर्शन कर रहे सिखों पर गोली चलाई गई थी, जिसमें चार युवकों की जान चली गई। उन्होंने इसे एक गंभीर और दुखद घटना बताया, जिसने पूरे राज्य को झकझोर दिया था।
हरपाल चीमा ने आरोप लगाया कि इस घटना की जांच रिपोर्ट को दबा दिया गया था, जिससे सच सामने नहीं आ पाया। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर विपक्ष न्याय की बात करता है, तो अपने कार्यकाल में इस मुद्दे को विधानसभा में क्यों नहीं उठाया गया।
इस बयान के बाद पंजाब की राजनीति में इस मुद्दे को लेकर बहस तेज हो गई है। मंत्री के बयान से साफ है कि सरकार अब पुराने मामलों को लेकर विपक्ष को घेरने की कोशिश कर रही है, जिससे राजनीतिक माहौल और गर्म हो गया है।
