आजकल सोशल मीडिया पर एक नया स्कैम तेजी से फैल रहा है, जिसमें लोगों को आधार कार्ड पर 3 लाख रुपये तक का लोन देने का दावा किया जा रहा है। स्कैमर यूट्यूब और अन्य प्लेटफॉर्म पर फर्जी विज्ञापन चलाकर लोगों को अपने जाल में फंसाने की कोशिश कर रहे हैं। इन विज्ञापनों में “प्राइम मिनिस्टर लोन स्कीम” का नाम लेकर भरोसा जीतने की कोशिश की जाती है।
कैसे फंसाते हैं लोग
इन फर्जी विज्ञापनों में आकर्षक ऑफर और आसान प्रक्रिया का लालच दिया जाता है। दावा किया जाता है कि बहुत कम दस्तावेजों के साथ तुरंत लोन मिल जाएगा। विज्ञापन में असली जैसे दिखने वाले ग्राफिक्स, “Apply Now” बटन और QR कोड भी दिए जाते हैं। जैसे ही कोई व्यक्ति इन लिंक पर क्लिक करता है, उसे किसी संदिग्ध वेबसाइट या ऐप पर भेज दिया जाता है, जहां उसकी निजी जानकारी और बैंक डिटेल्स चुरा ली जाती हैं।
सरकार ने बताया फर्जी
सरकार ने इस तरह के दावों को पूरी तरह फर्जी बताया है। PIB Fact Check ने साफ कहा है कि “प्राइम मिनिस्टर लोन स्कीम” के नाम से कोई ऐसी योजना नहीं चल रही है, जिसमें आधार कार्ड पर 3 लाख रुपये का लोन दिया जा रहा हो। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे ऐसे विज्ञापनों पर भरोसा न करें।
क्यों खतरनाक है यह स्कैम
यह स्कैम सिर्फ पैसे की ठगी तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे आपकी निजी जानकारी भी खतरे में पड़ सकती है। स्कैमर आपके बैंक अकाउंट, OTP और पहचान से जुड़ी जानकारी का गलत इस्तेमाल कर सकते हैं। एक बार जानकारी लीक हो जाए तो बड़ा नुकसान हो सकता है।
कैसे रहें सुरक्षित
इस तरह के स्कैम से बचने के लिए कुछ जरूरी सावधानियां अपनानी चाहिए। किसी भी संदिग्ध या लालच देने वाले विज्ञापन पर क्लिक न करें। किसी भी योजना की जानकारी हमेशा सरकारी वेबसाइट या आधिकारिक स्रोत से ही जांचें। अनजान वेबसाइट या ऐप पर अपनी निजी जानकारी कभी साझा न करें।
फर्जी विज्ञापनों की पहचान
ऐसे स्कैम में अक्सर वेबसाइट के URL में गड़बड़ी, स्पेलिंग मिस्टेक या अजीब लिंक दिखाई देते हैं। अगर कोई ऑफर बहुत ज्यादा आकर्षक लगे, तो सतर्क हो जाएं। इसके अलावा, ऐसे विज्ञापनों को तुरंत रिपोर्ट करना भी जरूरी है, ताकि दूसरों को नुकसान से बचाया जा सके।
