पंजाब के वित्त मंत्री Harpal Singh Cheema ने कहा है कि मान सरकार की ऐतिहासिक पहल के कारण राज्य में सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों में लगभग 48-49 प्रतिशत की भारी कमी दर्ज की गई है। सरकार का दावा है कि यह बदलाव “सड़क सुरक्षा फोर्स” यानी SSF के गठन के बाद देखने को मिला है।
उन्होंने कहा कि पहले पंजाब सड़क हादसों के मामलों में देश के सबसे प्रभावित राज्यों में गिना जाता था, लेकिन अब हालात तेजी से बदल रहे हैं।
सिर्फ 6 मिनट में मौके पर पहुंचती है SSF
हरपाल चीमा ने बताया कि सड़क हादसे की सूचना मिलते ही SSF की टीम औसतन सिर्फ 6 मिनट में घटनास्थल पर पहुंच जाती है। टीम तुरंत घायलों को प्राथमिक उपचार देती है और उन्हें नजदीकी अस्पताल पहुंचाने का काम करती है।
सरकार का कहना है कि “गोल्डन ऑवर” के दौरान मिली तेज मदद की वजह से कई लोगों की जान बचाई जा सकी है।
हाईवे पर तैनात है विशेष फोर्स
SSF को खास तौर पर सड़क सुरक्षा के लिए तैयार किया गया है। इसमें प्रशिक्षित जवानों और आधुनिक सुविधाओं से लैस वाहनों की तैनाती की गई है।
यह फोर्स पंजाब के उन हाईवे और सड़कों पर काम कर रही है जहां हादसों की संभावना ज्यादा रहती थी। सरकार के मुताबिक इससे न सिर्फ हादसों में कमी आई है, बल्कि ट्रैफिक नियमों का पालन भी बेहतर हुआ है।
सुरक्षित पंजाब की नई पहचान
वित्त मंत्री ने कहा कि मान सरकार लोगों के जीवन और संपत्ति की सुरक्षा को सबसे बड़ी प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि तेज राहत, बेहतर ट्रॉमा केयर और सड़क सुरक्षा उपायों की वजह से पंजाब अब एक सुरक्षित और जिम्मेदार प्रशासन की नई पहचान बना रहा है।
सरकार का दावा है कि SSF मॉडल को लेकर दूसरे राज्यों ने भी रुचि दिखाई है और कई राज्य इसे अपनाने पर विचार कर रहे हैं।
