अमेरिका जाने की तैयारी कर रहे लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण बदलाव सामने आया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने गैर-आप्रवासी (Non-Immigrant) वीजा आवेदन प्रक्रिया को लेकर नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। नए नियमों के अनुसार अब अधिकांश आवेदकों को अपने नागरिकता वाले देश या फिर जिस देश में वे कानूनी रूप से रह रहे हैं, वहीं स्थित अमेरिकी दूतावास या वाणिज्य दूतावास में वीजा इंटरव्यू के लिए आवेदन करना होगा।
तीसरे देश से आवेदन करना होगा मुश्किल
पिछले कुछ वर्षों में कई लोग अपने देश में लंबी प्रतीक्षा अवधि से बचने के लिए किसी तीसरे देश में जाकर अमेरिकी वीजा इंटरव्यू देते थे। लेकिन नई व्यवस्था के बाद यह विकल्प सीमित हो जाएगा। अब केवल उन्हीं मामलों में दूसरे देश से आवेदन की अनुमति होगी, जहां अमेरिका नियमित वीजा सेवाएं उपलब्ध नहीं करा रहा है या विशेष परिस्थितियां मौजूद हैं।
किन लोगों पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर
इस बदलाव का असर उन यात्रियों, छात्रों, पेशेवरों और कारोबारियों पर पड़ सकता है, जो जल्दी वीजा अपॉइंटमेंट पाने के लिए दूसरे देशों का सहारा लेते थे। अब उन्हें अपने देश में उपलब्ध अपॉइंटमेंट और प्रक्रिया के अनुसार ही आवेदन करना होगा। इससे कई लोगों की यात्रा योजना और समय-सीमा प्रभावित हो सकती है।
आवेदन से पहले रखना होगा इन बातों का ध्यान
यदि कोई व्यक्ति अपने निवास वाले देश के आधार पर आवेदन करता है, तो उसे यह भी साबित करना होगा कि वह वास्तव में उस देश का कानूनी निवासी है। आवेदन करते समय पासपोर्ट, निवास संबंधी दस्तावेज और अन्य जरूरी कागजात सही तरीके से प्रस्तुत करना आवश्यक होगा। गलत या अधूरी जानकारी मिलने पर आवेदन प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है।
यात्रा की योजना पहले से बनाना होगा जरूरी
विशेषज्ञों का मानना है कि नए नियम लागू होने के बाद वीजा इंटरव्यू की योजना पहले से बनाना अधिक महत्वपूर्ण हो जाएगा। अमेरिका की यात्रा, पढ़ाई, व्यापार या पारिवारिक कारणों से जाने वाले लोगों को अपॉइंटमेंट की उपलब्धता पर नजर रखनी होगी और समय रहते आवेदन करना होगा। इससे अंतिम समय की परेशानी और अनिश्चितता से बचा जा सकेगा।
अमेरिका ने क्यों किया बदलाव
अमेरिकी विदेश विभाग का कहना है कि इस बदलाव का उद्देश्य वीजा प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाना और आवेदनों की जांच को बेहतर तरीके से संचालित करना है। नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक देश में आवेदन की प्रक्रिया स्थानीय रिकॉर्ड और पहचान के आधार पर अधिक प्रभावी ढंग से पूरी की जा सकेगी। साथ ही, जिन देशों में नियमित अमेरिकी वीजा सेवाएं उपलब्ध नहीं हैं, उनके लिए अलग व्यवस्था जारी रहेगी।
