पंजाब विधानसभा में पेपर लीक पर गरजे CM भगवंत मान, बोले- युवाओं के भविष्य से हो रहा खिलवाड़
पंजाब विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भर्ती और प्रवेश परीक्षाओं में पेपर लीक के मामलों को लेकर पेश किए गए प्रस्ताव का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए लाखों विद्यार्थी और उनके परिवार वर्षों तक मेहनत करते हैं। ऐसे में जब पेपर लीक जैसी घटनाएं होती हैं तो सिर्फ परीक्षा ही नहीं, बल्कि छात्रों और उनके माता-पिता के सपने भी टूट जाते हैं।
2014 के बाद कई पेपर लीक मामलों का जिक्र
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 2014 के बाद देश में कई प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के मामले सामने आए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इन घटनाओं ने युवाओं के भविष्य पर गंभीर असर डाला है। उनके अनुसार पेपर लीक केवल परीक्षा प्रणाली की समस्या नहीं, बल्कि लाखों छात्रों के विश्वास और मेहनत से जुड़ा मुद्दा है।
केंद्र सरकार पर साधा निशाना
भगवंत मान ने कहा कि पेपर लीक के मामलों में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि केवल जांच या बाद की कानूनी प्रक्रिया की बात करने से समस्या का समाधान नहीं होगा। उन्होंने यह भी कहा कि परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
शिक्षा और पाठ्यक्रम का भी किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में शिक्षा व्यवस्था और पाठ्यक्रम का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने विद्यार्थियों को अपने इतिहास और महान व्यक्तित्वों से जोड़ने के लिए श्री गुरु तेग बहादुर जी के जीवन से जुड़े विषयों को पाठ्यक्रम में शामिल किया है। इसके अलावा श्री गुरु रविदास जी की शिक्षाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए राज्यभर में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल परीक्षा पास कराना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को बेहतर नागरिक बनाना भी है।
