दिल्ली में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 संक्रमण के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, सोमवार को राजधानी में 164 नए मामले सामने आए। इसके साथ ही 31 अगस्त तक इस साल दिल्ली में स्वाइन फ्लू के कुल मामले बढ़कर 3,218 हो गए हैं। यह संख्या पिछले कई वर्षों के मुकाबले काफी ज्यादा है।
2024 का रिकॉर्ड भी पीछे छूटा
दिल्ली में 2024 के दौरान स्वाइन फ्लू के 3,151 मामले दर्ज हुए थे। इस साल 31 अगस्त तक ही यह आंकड़ा पार हो गया। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार 2019 में दिल्ली में 3,627 मामले सामने आए थे और 31 मरीजों की मौत हुई थी। इसके बाद 2020 में 412, 2021 में 92, 2022 में 442 और 2025 में 229 मामले दर्ज किए गए थे।
मौसम में बदलाव को माना जा रहा वजह
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार मौसम में बदलाव के दौरान फ्लू के मामलों में बढ़ोतरी देखी जाती है। हालांकि, ICMR के महानिदेशक डॉ. राजीव बहल ने कहा है कि देश में फैल रहा इन्फ्लूएंजा हाल के वर्षों में देखे गए मौसमी पैटर्न के अनुरूप है। अभी किसी नए या असामान्य जेनेटिक बदलाव के संकेत नहीं मिले हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने जारी की सावधानी की सलाह
बढ़ते मामलों को देखते हुए लोगों से भीड़भाड़ वाली जगहों पर सावधानी बरतने और साफ-सफाई का ध्यान रखने को कहा गया है। खांसी या छींक आने पर मुंह और नाक ढकने, नियमित रूप से हाथ धोने और बीमार होने पर घर पर रहने की सलाह दी गई है।
फ्लू जैसे लक्षण लगातार बने रहें या हालत बिगड़ने लगे तो डॉक्टर से संपर्क करने और बिना सलाह के दवा न लेने पर भी जोर दिया गया है। खास तौर पर कमजोर प्रतिरोधक क्षमता वाले लोगों और गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को अधिक सावधानी बरतने की सलाह विशेषज्ञों ने दी है।
