नई दिल्ली: 17 जनवरी, 2026
आम आदमी पार्टी के मुख्य प्रवक्ता अनुराग ढांडा ने आज एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिल्ली विधानसभा की मर्यादा, संवैधानिक मूल्यों और धार्मिक भावनाओं से जुड़े एक बेहद गंभीर और संवेदनशील मुद्दे को उठाया। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि समाज और धर्म के सम्मान से भी जुड़ा हुआ है।
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए अनुराग ढांडा ने स्पष्ट किया कि अतिशी जी ने अपने किसी भी वक्तव्य में “गुरु” शब्द का इस्तेमाल नहीं किया। जालंधर कोर्ट में सबमिट की गई फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट इस तथ्य की पुष्टि करती है।
वहीं, दिल्ली में कराई गई फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट इस मुद्दे पर पूरी तरह मौन है।
AAP मुख्य प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद बीजेपी मंत्री कपिल मिश्रा ने वीडियो में टेक्स्ट जोड़कर गुरुओं के अपमान का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि यह जानबूझकर किया गया कृत्य है, जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं।
अनुराग ढांडा ने दिल्ली विधानसभा के स्पीकर विजयेंद्र गुप्ता की भूमिका पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि स्पीकर ने फॉरेंसिक रिपोर्ट का राजनीतिक इस्तेमाल करते हुए मीडिया के सामने अपने निष्कर्ष सार्वजनिक कर दिए और बाद में इसे प्रिविलेज कमेटी को सौंपने की बात कही। यह व्यवहार विधानसभा की गरिमा और संवैधानिक मर्यादा के खिलाफ है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान आम आदमी पार्टी की ओर से तीन प्रमुख मांगें रखी गईं—
कपिल मिश्रा को तुरंत मंत्री पद से बर्खास्त किया जाए,
स्पीकर द्वारा इस्तेमाल की गई फॉरेंसिक रिपोर्ट को सार्वजनिक किया जाए,
और जालंधर कोर्ट में पहले से मौजूद फॉरेंसिक रिपोर्ट को रिकॉर्ड पर लाया जाए, ताकि निष्पक्ष और पारदर्शी सुनवाई हो सके।
अंत में अनुराग ढांडा ने कहा कि देश और जनता लोकतंत्र, संविधान और धार्मिक भावनाओं के साथ हुए इस अपमान को कभी माफ नहीं करेगी और जिम्मेदार लोगों को जवाब देना होगा।
