आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने आज कई मुद्दों पर केंद्र सरकार और बीजेपी पर कड़ा प्रहार किया। दिल्ली में प्रदूषण, उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची विवाद और इंडिगो एयरलाइन मामले को लेकर संजय सिंह ने बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि बीजेपी अपने इतिहास और असली मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए वंदे मातरम् जैसे भावनात्मक विषयों का उपयोग कर रही है।
बीजेपी के इतिहास पर सवाल
संजय सिंह ने कहा कि बीजेपी व उसके पूर्ववर्ती संगठनों का इतिहास देशहित के खिलाफ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि अंग्रेजों के दौर में इनके पुरखों ने स्वतंत्रता सेनानियों की मुखबिरी की थी। साथ ही यह भी कहा कि आरएसएस के मुख्यालय पर 52 वर्ष तक तिरंगा नहीं फहराया गया। लाहौर अधिवेशन में तिरंगे के विरोध में प्रस्ताव पारित करना भी उन्होंने ऐतिहासिक तथ्य के रूप में सामने रखा।
उन्होंने कहा कि वंदे मातरम् से बीजेपी का कोई वास्तविक नाता नहीं है और यह मुद्दा केवल अपने पुराने गुनाहों को छिपाने का तरीका है।
इंडिगो एयरलाइन विवाद पर हमला
इंडिगो एयरलाइन संकट पर बोलते हुए संजय सिंह ने दावा किया कि एयरलाइन ने बीजेपी को करोड़ों रुपये का चंदा दिया, जिसके कारण सरकार उन पर कोई कार्रवाई नहीं कर रही। उनका कहना था कि सत्ता में बैठे लोग बड़े उद्योगपतियों से पैसा लेकर अपनी पार्टी चला रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि इंडिगो के मामलों में मिलीभगत है और बड़े उद्योग समूहों की नज़र एयरलाइन पर है। उन्होंने यह भी कहा कि अडानी समूह ने इंडिगो से जुड़े एक प्रशिक्षण संस्थान में 75% हिस्सेदारी खरीद ली है, जो “बड़े खेल” की ओर इशारा करता है।
यूपी में वोट काटने का विवाद
उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची से लाखों नाम हटाए जाने की खबरों पर संजय सिंह ने गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि पहले उन्होंने आशंका जताई थी कि लगभग 2 करोड़ वोट हटाए जा सकते हैं, लेकिन अब रिपोर्ट्स में 3 करोड़ वोट काटे जाने की बात सामने आ रही है।
उनके मुताबिक, यदि एक विधानसभा क्षेत्र में औसतन 74 हजार वोट हटाए जाएंगे, तो चुनाव कराने का कोई मतलब ही नहीं बचेगा। उन्होंने इसे “बिहार से भी बड़ा खेल” बताया और कहा कि ऐसी प्रक्रियाएँ लोकतंत्र को कमजोर करती हैं।
दिल्ली में प्रदूषण और बुलडोजर कार्रवाई
दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण पर संजय सिंह ने कहा कि यह अब लोगों की जान के लिए खतरा बन चुका है। इसलिए उन्होंने सदन में इस मुद्दे पर तत्काल चर्चा की मांग की है।
साथ ही उन्होंने दिल्ली के कई इलाकों में चल रही बुलडोजर कार्रवाई का भी विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि 140 साल पुराने मंदिर और गरीबों के घरों पर बुलडोजर चलाया गया, जिससे लोगों में भय और गुस्सा बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली में अपराध भी बढ़ रहे हैं और अब यह “अपराध की राजधानी” बनती जा रही है, जिस पर भी सदन में चर्चा जरूरी है।
संजय सिंह के बयान से साफ है कि AAP आने वाले सत्र में केंद्र सरकार के खिलाफ कई बड़े मुद्दे उठाने की तैयारी में है। बीजेपी के इतिहास से लेकर वर्तमान नीतियों तक, इंडिगो विवाद से लेकर यूपी वोटर लिस्ट पर सवाल और दिल्ली में प्रदूषण तक—उन्होंने हर मोर्चे पर सरकार को घेरा है।
