सोने में निवेश करने वालों के लिए सप्ताह की शुरुआत एक बड़े झटके के साथ हुई। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई और भाव ₹1,800 से अधिक टूटकर ₹1.54 लाख प्रति 10 ग्राम के नीचे पहुंच गए। इस गिरावट ने बाजार में निवेशकों और ट्रेडर्स दोनों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है।
ईरान-इजरायल तनाव का बाजार पर असर
मध्य पूर्व में ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते सैन्य तनाव और मिसाइल हमलों ने वैश्विक वित्तीय बाजारों में अनिश्चितता पैदा कर दी है। आमतौर पर ऐसे हालात में सोने को सुरक्षित निवेश माना जाता है, लेकिन इस बार तस्वीर कुछ अलग दिखाई दी। तनाव बढ़ने के साथ-साथ कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आई, जिससे महंगाई को लेकर नई चिंताएं पैदा हो गईं।
क्यों टूटा सोना?
विशेषज्ञों के अनुसार, सोने की कीमतों में गिरावट के पीछे कई कारण हैं। सबसे बड़ा कारण अमेरिका से आए मजबूत आर्थिक आंकड़े हैं। इन आंकड़ों ने यह संभावना बढ़ा दी है कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचे स्तर पर बनाए रख सकता है। जब ब्याज दरें ऊंची रहती हैं, तो सोने जैसे गैर-ब्याज देने वाले निवेश साधनों की मांग कम हो जाती है।
इसके अलावा, निवेशकों द्वारा मुनाफावसूली भी इस गिरावट का एक बड़ा कारण मानी जा रही है। हाल के महीनों में सोने ने शानदार तेजी दिखाई थी और कई निवेशकों ने ऊंचे स्तर पर अपने निवेश बेचकर मुनाफा कमाना शुरू कर दिया।
MCX पर क्या रहे भाव?
सोमवार सुबह MCX पर सोने के वायदा भाव में तेज गिरावट देखने को मिली। कीमतें ₹1.54 लाख के महत्वपूर्ण स्तर के नीचे फिसल गईं और एक समय पर लगभग ₹1.53 लाख के आसपास कारोबार करती दिखाई दीं। चांदी में भी बड़ी कमजोरी रही और उसके भाव में हजारों रुपये प्रति किलोग्राम की गिरावट दर्ज की गई।
निवेशकों की नजर किन बातों पर?
आने वाले दिनों में निवेशकों की नजर मध्य पूर्व की स्थिति, कच्चे तेल की कीमतों और अमेरिका के आर्थिक आंकड़ों पर रहेगी। यदि क्षेत्रीय तनाव और बढ़ता है तो बाजार में उतार-चढ़ाव और तेज हो सकता है। वहीं, अमेरिकी ब्याज दरों को लेकर आने वाले संकेत भी सोने की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
चांदी भी रही दबाव में
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी तेज गिरावट देखी गई। MCX पर चांदी के भाव में कई हजार रुपये प्रति किलोग्राम की कमजोरी दर्ज हुई। इससे यह साफ है कि निवेशकों ने केवल सोने ही नहीं बल्कि पूरे कीमती धातु बाजार में सतर्क रुख अपनाया है।
