पंजाब के कैबिनेट मंत्री हरजोत सिंह बैंस सोमवार को रूपनगर जिले के मनुपुर गाँव पहुँचे, जहाँ उन्होंने शहीद लांस नायक प्रितपाल सिंह के परिवार से मुलाकात की और उन्हें अपनी गहरी संवेदनाएँ प्रकट कीं।
लांस नायक प्रितपाल सिंह, जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में आतंकवादियों से मुठभेड़ के दौरान शहीद हो गए थे। उनकी शहादत की खबर से गाँव में शोक की लहर दौड़ गई।
परिवार से संवेदना और आश्वासन
मुलाकात के दौरान बैंस ने शहीद की पत्नी मनप्रीत कौर, पिता हरबंस सिंह, माँ और भाइयों से भेंट कर उनका दुःख साझा किया। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार इस कठिन समय में परिवार के साथ मज़बूती से खड़ी है और हर संभव सहायता प्रदान करेगी।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने भी लांस नायक प्रितपाल सिंह और शहीद हरमिंदर सिंह—दोनों के परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएँ व्यक्त की हैं।
अधूरा रहा दिवाली का वादा
बैंस ने भावुक होते हुए कहा कि प्रितपाल सिंह का विवाह इसी वर्ष फरवरी में हुआ था। अप्रैल में वे फिर से ड्यूटी पर लौटे और उन्होंने वादा किया था कि इस साल की दिवाली परिवार के साथ मनाएँगे, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था।
उन्होंने कहा कि शहीद के परिवार और गाँव के लोगों की हिम्मत देखकर गर्व होता है, क्योंकि यह दर्शाता है कि पंजाब के युवाओं में देश की रक्षा और शांति के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने की अटूट भावना है।
प्रार्थना और प्रतिबद्धता
मंत्री बैंस ने प्रार्थना की कि ईश्वर परिवार को इस अपार क्षति को सहने की शक्ति दें। उन्होंने दोहराया कि पंजाब सरकार अपने वादों को निभाते हुए परिवार को हर प्रकार का सहयोग प्रदान करेगी—चाहे वह आर्थिक मदद हो, सम्मान हो या सुविधाएँ।
गाँव में गम और गर्व का माहौल
मनुपुर गाँव में एक ओर बेटे की शहादत का गहरा दुःख है, तो दूसरी ओर उसके साहस और बलिदान पर गर्व भी है। ग्रामीणों का कहना है कि प्रितपाल सिंह जैसे सपूत के कारण ही देश की सीमाएँ सुरक्षित हैं।
यह मुलाकात सिर्फ़ एक औपचारिकता नहीं, बल्कि पंजाब सरकार की ओर से यह संदेश थी कि शहीद के परिवार को कभी अकेला नहीं छोड़ा जाएगा।
