पंजाब के मुख्यमंत्री Bhagwant Mann ने आज चंडीगढ़ में मीडिया से बातचीत करते हुए ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग की अहम उपलब्धियों को साझा किया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार गांवों के समग्र विकास के लिए लगातार बड़े और प्रभावी कदम उठा रही है।
करोड़ों के विकास कार्य और आमदनी में बढ़ोतरी
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि पंजाब के गांवों में ₹2367 करोड़ के विकास कार्य करवाए गए हैं। इसके साथ ही शामलात जमीनों से अवैध कब्जे हटाकर ₹1842 करोड़ की आमदनी भी सुनिश्चित की गई है। यह कदम गांवों की आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
खेल, शिक्षा और महिलाओं पर खास ध्यान
गांवों में युवाओं को खेलों की ओर प्रोत्साहित करने के लिए 3000 नए खेल मैदान बनाए गए हैं। वहीं, बच्चों की शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए गांवों में लाइब्रेरी स्थापित की जा रही हैं। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से 58,303 सेल्फ हेल्प ग्रुप्स बनाए गए हैं, जिससे वे आर्थिक रूप से सशक्त बन रही हैं।
नशे के खिलाफ सख्त अभियान
‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान के तहत गांवों को सुरक्षित बनाने के लिए 12,000 विलेज डिफेंस कमेटियां गठित की गई हैं। इन कमेटियों का उद्देश्य नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाना और स्थानीय स्तर पर निगरानी रखना है।
पंचायती चुनावों में नई मिसाल
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में 2,900 से अधिक पंचायतें सर्वसम्मति से चुनी गई हैं, जो लोकतांत्रिक प्रक्रिया में लोगों की बढ़ती भागीदारी और आपसी सहमति का संकेत है।
‘रंगला पंजाब’ की ओर बढ़ते कदम
सरकार का उद्देश्य सिर्फ विकास कार्य करना नहीं, बल्कि हर गांव को एक मॉडल गांव के रूप में विकसित करना है, ताकि पंजाब को एक बार फिर ‘रंगला पंजाब’ बनाया जा सके।
