श्री गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहीदी शताब्दी के उपलक्ष्य में पंजाब सरकार ने एक अभिनव और प्रेरणादायक कदम उठाया है। पहली बार, श्रद्धालुओं को नौवें गुरु साहिब के जीवन, त्याग और आध्यात्मिक नेतृत्व को समझाने के लिए एक 360 डिग्री मिक्स्ड रियलिटी अनुभव तैयार किया गया है। इस पहल ने परंपरा और आधुनिक तकनीक को इस तरह जोड़ा है कि संगत न सिर्फ इतिहास को महसूस कर सके, बल्कि उसे नए अंदाज़ में देख भी सके।
स्मार्टफोन से खुलेगा आध्यात्मिक संसार
यह अनुभव बेहद आसान तरीके से उपलब्ध कराया गया है। श्रद्धालु समारोह स्थलों पर लगी विशेष स्टैंडियों पर बने QR कोड को स्कैन करते ही अपने स्मार्टफोन पर एक डिजिटल सफर शुरू कर सकते हैं। स्क्रीन पर नजर आते ही, गुरु साहिब की जीवन-यात्रा के महत्वपूर्ण पल जीवंत हो उठते हैं। इससे संगत को ऐसा एहसास होता है मानो वे खुद उन ऐतिहासिक घटनाओं का हिस्सा हों।

‘हिंद दी चादर’—गुरु साहिब की 11 प्रमुख घटनाओं का जीवंत दर्शन
इस मिक्स्ड रियलिटी प्रस्तुति का मुख्य केंद्र ‘हिंद दी चादर’ शीर्षक से तैयार किया गया विशेष अनुभव है, जिसमें गुरु तेग बहादुर जी की जीवन यात्रा के 11 प्रमुख पड़ाव शामिल किए गए हैं। इनमें शामिल हैं—
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गुरगद्दी संभालने का पावन क्षण
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धर्म और मानवता की रक्षा के लिए दृढ़ता
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चांदनी चौक में महान शहादत
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रकाब गंज साहिब में रातोंरात किए गए संस्कार
हर दृश्य को प्रामाणिक विवरण, ऐतिहासिक तथ्यों और श्री गुरु ग्रंथ साहिब के हवाले के साथ सजाया गया है, जिससे पूरा अनुभव अत्यंत भावपूर्ण और विश्वसनीय बनता है।

लाइट-एंड-शैडो शो से सजता रूहानी माहौल
मिक्स्ड रियलिटी अनुभव के साथ-साथ एक लाइट एंड शैडो शो भी प्रस्तुत किया गया है। यह शो रोशनी और छायाओं के सौंदर्यपूर्ण मेल से एक ऐसा आध्यात्मिक वातावरण बनाता है, जो श्रद्धालुओं को गुरु साहिब की महानता और त्याग से गहरा भावनात्मक जुड़ाव महसूस कराता है।
टेक्नोलॉजी से सजी श्रद्धांजलि
इस डिजिटल श्रद्धांजलि को फ्लैम (Flam) के सहयोग से तैयार किया गया है। यह न केवल गुरु तेग बहादुर जी के जीवन को नई पीढ़ी के सामने आधुनिक तरीके से पेश कर रहा है, बल्कि पंजाब सरकार की यह पहल यह भी दर्शाती है कि कैसे तकनीक का उपयोग करके संस्कृति और इतिहास को और प्रभावशाली ढंग से आगे बढ़ाया जा सकता है।
