गुरुवार (4 दिसंबर) को सोना और चांदी दोनों ही सस्ते हो गए हैं। यदि आप आज ज्वेलरी खरीदने की सोच रहे हैं, तो यह समय आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 5 फरवरी डिलीवरी वाले सोने के कॉन्ट्रैक्ट में 800 रुपये से ज़्यादा की गिरावट दर्ज की गई। इसके बाद सोने की कीमत घटकर 1,29,599 रुपये प्रति 10 ग्राम रह गई।
चांदी भी हुई सस्ती, 3,000 रुपये से ज्यादा की गिरावट
सिर्फ सोना ही नहीं, चांदी की कीमतों में भी तेज गिरावट आई है। 5 मार्च डिलीवरी वाली चांदी 3,000 रुपये से अधिक गिरकर 1,79,200 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई। बीते कई दिनों से लगातार बढ़ रही कीमतों के बाद यह गिरावट खरीदारों को राहत दे सकती है।
सराफा बाजार में सोने के दाम हुए मजबूत
दिलचस्प बात यह है कि राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के सराफा बाजार में बुधवार को सोने की कीमतों में उछाल देखने को मिला। मजबूत वैश्विक रुझानों और रुपये में कमजोरी के चलते सोना 670 रुपये बढ़कर 1,32,200 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया।
ऑल इंडिया सराफा एसोसिएशन के अनुसार, डॉलर के मुकाबले रुपये के अब तक के सबसे निचले स्तर पर आने का सीधा असर सोने की कीमतों पर पड़ा है। जब रुपया कमजोर होता है, तो सोने का आयात महंगा पड़ता है, जिससे स्थानीय बाजार में कीमतें बढ़ जाती हैं।
चांदी ने तोड़ा छह दिन का बढ़त वाला सिलसिला
जहां सोने ने सराफा बाजार में मजबूती दिखाई, वहीं चांदी ने अपनी लगातार छह दिनों से जारी बढ़त को रोक दिया। बुधवार को चांदी 460 रुपये सस्ती होकर 1,80,900 रुपये प्रति किलोग्राम रह गई।
चांदी की यह गिरावट इसलिए अहम है, क्योंकि लगातार प्रीमियम बढ़ने के बाद इसकी कीमतें उच्च स्तर पर पहुंच गई थीं। ऐसे में गिरावट से ग्राहकों को थोड़ी राहत मिल सकती है।
क्यों बदल रहे हैं सोना–चांदी के दाम?
विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव, डॉलर की मजबूती और भारत में रुपये की कमजोरी—ये तीनों फैक्टर कीमतों पर सीधा असर डाल रहे हैं।
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निवेशक अभी सुरक्षित संपत्ति के रूप में सोना चुन रहे हैं।
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वैश्विक बाजार में अनिश्चितता बढ़ने से गोल्ड की मांग बनी हुई है।
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वहीं चांदी में मुनाफावसूली के कारण गिरावट देखी जा रही है।
खरीदारों के लिए खास मौका
सोना और चांदी दोनों ही अपने ऊपरी स्तरों से नीचे आ चुके हैं। ऐसे में त्योहार या शादी की खरीदारी की योजना बनाने वालों के लिए यह सही समय माना जा रहा है।
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में कीमतों में फिर से उतार–चढ़ाव देखने को मिल सकता है। इसलिए ग्राहक अपनी ज़रूरत और बजट के मुताबिक खरीदारी कर सकते हैं।
