पंजाब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व गृह मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा के बेटे को गैंगस्टर जग्गू भगवनपुरिया की ओर से मिली धमकी के बाद राजनीतिक विवाद बढ़ गया है। कांग्रेस ने आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर कानून-व्यवस्था के मामले में सवाल उठाए हैं, तो वहीं आप ने भी जोरदार पलटवार किया है।
नील गर्ग ने रंधावा पर साधा निशाना
आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता नील गर्ग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर रंधावा को सीधे निशाने पर लेते हुए लिखा, “रंधावा जी, बताइए—जग्गू भगवनपुरिया को सिर पर बिठाने वाला कौन था? मुख्तार अंसारी को पंजाब की जेल में VIP सुविधा कौन दे रहा था?” उन्होंने आगे आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश सरकार ने मुख्तार अंसारी को लेने के लिए सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था, लेकिन वकीलों की फीस कांग्रेस सरकार ने ही क्यों भरी? नील गर्ग ने कहा कि जो गैंगस्टर आज रंधावा को धमका रहे हैं, वे कांग्रेस के ही उत्पन्न हैं।
आप सरकार का कानून व्यवस्था पर जोर
नील गर्ग ने अपनी सरकार के रुख की भी वकालत करते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी न कभी आतंकवादियों की साथी रही है और न गैंगस्टरों की संरक्षक। “हम पंजाब को साफ कर रहे हैं। न कोई गैंगस्टर बख्शा जाएगा, न ही उन्हें पनाह देने वालों को। पंजाब पुलिस अपना काम कर रही है। भगवंत मान सरकार कानून-व्यवस्था पर ज़ीरो टॉलरेंस नीति के साथ काम कर रही है। कोई समझौता नहीं होगा,” उन्होंने कहा।
सियासत तेज, विपक्षी दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप
यह मामला पंजाब में बढ़ती कानून-व्यवस्था की चुनौतियों और राजनीतिक रोटियां सेंकने की कोशिश के बीच उभरा है। कांग्रेस ने आप सरकार को दोषी ठहराते हुए कहा है कि प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था बिगड़ी हुई है, वहीं आप ने कांग्रेस की नीतियों को लेकर तीखे सवाल उठाए हैं। दोनों दलों के बीच यह विवाद आने वाले दिनों में और भी गर्मा सकता है।
