मानसून के मौसम में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। प्रशासन की ओर से संबंधित विभागों के साथ एक अहम बैठक कर ज़रूरी तैयारियों को अमल में लाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही ज़िले के मुख्य कार्यालय समेत 8 सब-डिविजनों में 24 घंटे काम करने वाले कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं।
इस संबंध में अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (ADC) राकेश कुमार ने बताया कि इन कंट्रोल रूम्स के ज़रिए आम जनता किसी भी समय मदद या जानकारी के लिए संपर्क कर सकती है। उन्होंने बताया कि मानसून के दौरान किसी भी तरह की आपात स्थिति को देखते हुए नगर निगम, नगर परिषद और पशुपालन विभाग को ज़रूरी दवाइयों, मशीनरी और संसाधनों की व्यवस्था पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
नाज़ुक इलाकों की हो रही है समीक्षा
ADC राकेश कुमार ने यह भी कहा कि शहर में बहने वाले सतलुज दरिया और डैम्स के पास जो इलाके नाज़ुक स्थिति में हैं, उनकी समीक्षा कर वहां विशेष इंतज़ाम किए जा रहे हैं। अधिकारियों को मौके पर जाकर ज़मीनी स्थिति को देखने और तैयारियां पूरी करने को कहा गया है।
24 घंटे हेल्पलाइन नंबर जारी
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि यदि उन्हें कोई जानकारी देनी हो या मदद की ज़रूरत हो, तो वे जिला कार्यालय में बने कंट्रोल रूम के हेल्पलाइन नंबर 0161-2433100 पर कभी भी कॉल कर सकते हैं। इस कंट्रोल रूम में स्टाफ 24 घंटे तैनात रहेगा, ताकि लोगों को तुरंत सहायता दी जा सके।
बुढ़े दरिया की चौड़ाई कम होने से बढ़ा खतरा
वहीं शहर के अंदर से बहने वाला बुढ़ा दरिया इस समय चिंता का कारण बना हुआ है। दरअसल, नगर निगम ने दरिया के किनारे सड़क निर्माण के दौरान कुछ ऐसी योजनाएं अपनाई हैं, जिनसे दरिया की चौड़ाई कम हो गई है। पहले योजना थी कि दरिया के किनारे बने अवैध निर्माणों को हटाकर सड़क बनाई जाएगी, लेकिन उलटा दरिया के प्राकृतिक बहाव क्षेत्र को कम करके सड़क बना दी गई है।
बारिश के समय बढ़ सकता है खतरा
विशेषज्ञों और विभागीय अधिकारियों का कहना है कि यदि मानसून में बारिश ज्यादा हुई और दरिया में पानी का बहाव तेज़ हुआ, तो इसका असर दरिया के किनारे बसे घरों पर पड़ सकता है। पानी का रास्ता संकरा होने के कारण आसपास के इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बन सकती है।
अधिकारियों की मौजूदगी में हुई समीक्षा
इस पूरी समीक्षा बैठक में ADC राकेश कुमार के साथ IAS ट्रेनी प्रगति रानी, SDM डॉ. पूनमप्रीत कौर, खन्ना SDM बलजिंदर सिंह ढिल्लों और सहायक कमिश्नर पायल गोयल भी मौजूद रहीं।जिला प्रशासन ने बारिश के मौसम को गंभीरता से लेते हुए सभी विभागों को अलर्ट कर दिया है। कंट्रोल रूम की स्थापना और नाज़ुक क्षेत्रों की निगरानी इस बात का संकेत है कि प्रशासन किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। लोगों से भी अपील की गई है कि वे सतर्क रहें और किसी भी ज़रूरत पर तुरंत हेल्पलाइन से संपर्क करें।
