पिछले करीब 24 घंटे से भाखड़ा डैम से लगभग 85,000 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा था, लेकिन अब यह मात्रा घटकर 70,000 क्यूसेक हो गई है। इससे उन गांवों को राहत मिली है जहां खेतों में पानी भर गया था और कई जगहों पर पानी आबादी के पास तक पहुंच गया था। अब प्रभावित क्षेत्र सुरक्षित हो गए हैं और प्रशासन ने राहत कार्य तेज कर दिए हैं।
डिप्टी कमिश्नर ने दी जानकारी
डिप्टी कमिश्नर रूपनगर, वर्जीत वालिया ने नंगल के प्रभावित गांवों का दौरा कर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि भाखड़ा डैम से पानी की अधिक मात्रा छोड़े जाने और हिमाचल प्रदेश, पंजाब और बी.बी.एम.बी. के कैचमेंट क्षेत्र में भारी बारिश के कारण नंगल उपमंडल के लगभग 15 गांव और श्री आनंदपुर साहिब के 5-6 गांव प्रभावित हुए। सभी प्रभावित गांवों में रेस्क्यू टीमें सक्रिय हैं, जबकि क्विक रेस्पॉन्स टीम और एनडीआरएफ भी सहायता के लिए तैनात हैं।
सड़क संपर्क टूटे, राहत कार्य जारी
डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि नंगल के दो-तीन गांवों में सड़क संपर्क टूट गया है, जहां राहत कार्य नाव और एनडीआरएफ टीमों के माध्यम से जारी है। अन्य गांवों तक ट्रैक्टर-ट्रॉली के जरिए पहुंच बनाई गई है। मेडिकल टीमों, वैटर्नरी डॉक्टरों के साथ राशन, पशु चारा और अन्य जरूरी सुविधाएं प्रभावित लोगों तक पहुंचाई जा रही हैं।
राहत केंद्र सक्रिय, स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध
प्रशासन द्वारा नंगल में पांच और आनंदपुर साहिब में दो राहत केंद्र सक्रिय हैं। यहां 24 घंटे मेडिकल सहायता, एम्बुलेंस, भोजन और पीने का पानी उपलब्ध है। लोगों को लगातार अपील की जा रही है कि जो घर लो-लाइन एरिया में हैं, वे राहत कैंपों में शिफ्ट हो जाएं। डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता हर व्यक्ति, पशु और संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
सहयोग और समन्वय की सराहना
डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि पंचायतों, सरपंचों, नंबरदारों, धार्मिक और सामाजिक संगठनों के साथ बेहतर तालमेल से राहत कार्य और भी प्रभावी बने हैं। डैम से पानी छोड़े जाने और मौसम की भविष्यवाणी की जानकारी ग्रामीणों तक सोशल मीडिया के जरिए पहुंचाई गई, जिससे लोग पहले ही जरूरी प्रबंध कर सके।
पुलिस और अधिकारी सतर्क
एसएसपी रूपनगर गुलनीत सिंह खुराना ने कहा कि लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है। पुलिसकर्मी, एनडीआरएफ टीम और अन्य अधिकारी पूरी मेहनत, लगन और तत्परता के साथ ड्यूटी पर हैं। मौके पर डिप्टी कमिश्नर चंदरज्योति सिंह, एसडीएम नंगल सचिन पाठक, एसडीएम श्री आनंदपुर साहिब जसप्रीत सिंह और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
प्रशासन और राहत टीमों की सक्रियता से प्रभावित ग्रामीणों को सुरक्षा और सहायता मिल रही है, और हालात धीरे-धीरे नियंत्रण में आ रहे हैं।
