बठिंडा में पंजाब पुलिस की निगरानी और आपातकालीन प्रतिक्रिया व्यवस्था को आधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। पुलिस ने ₹2.75 करोड़ की लागत से तैयार नवीनीकृत इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (I3C) को शुरू किया है। डीजीपी गौरव यादव ने इसे पुलिस के लिए एक मजबूत ‘फोर्स मल्टीप्लायर’ बताया है।
59 जगहों पर 282 कैमरों की नजर
नए कमांड सेंटर के जरिए बठिंडा शहर में लगे 282 CCTV कैमरों की निगरानी की जाएगी। ये कैमरे 59 अलग-अलग स्थानों पर लगाए गए हैं। इससे पुलिस को शहर में होने वाली गतिविधियों पर रियल टाइम नजर रखने में मदद मिलेगी।
112 इमरजेंसी कॉल से सीधे जुड़ा सिस्टम
I3C को 112 इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम से भी जोड़ा गया है। किसी आपात स्थिति में सूचना मिलने के बाद पुलिस की प्रतिक्रिया को तेज करने में यह व्यवस्था मददगार होगी। वायरलेस कनेक्टिविटी के साथ वीडियो एनालिटिक्स की सुविधा भी सेंटर में उपलब्ध है।
अपराध की निगरानी में मिलेगी मदद
कमांड सेंटर से अपराध से जुड़े डेटा की निगरानी और संदिग्ध गतिविधियों का विश्लेषण किया जा सकेगा। पुलिस के मुताबिक, आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल से अधिकारियों को मौके की स्थिति समझने और जरूरत के अनुसार तेजी से कार्रवाई करने में मदद मिलेगी।
रियल टाइम पुलिसिंग पर जोर
डीजीपी गौरव यादव के अनुसार, नया सेंटर बठिंडा में पुलिस की तकनीकी क्षमता को बढ़ाएगा। CCTV, इमरजेंसी रिस्पॉन्स और डेटा आधारित निगरानी को एक प्लेटफॉर्म पर लाने से पुलिसिंग को अधिक प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।
