देश में साइबर ठग अब लोगों को ठगने का एक नया तरीका अपनाने लगे हैं। इस बार उन्होंने शादी की वेबसाइटों को निशाना बनाया है। गृह मंत्रालय के अंतर्गत काम करने वाली भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) ने इस मामले पर चेतावनी जारी की है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।
कैसे रचते हैं ठगी का खेल?
कई मेट्रिमोनियल साइटों पर फर्जी ‘दूल्हों’ की प्रोफाइल तेजी से बढ़ रही हैं। I4C के अनुसार, ठग खुद को डॉक्टर, इंजीनियर, बिजनेसमैन या किसी बड़ी कंपनी में सीनियर पद पर काम करने वाला दिखाते हैं। उनकी प्रोफाइल देखने में इतनी आकर्षक होती है कि कई लोग उन पर भरोसा कर लेते हैं।
शुरुआत में बातचीत मेट्रिमोनियल प्लेटफॉर्म पर ही होती है, फिर ठग धीरे-धीरे चैट को डेटिंग ऐप्स और बाद में व्हाट्सऐप तक ले जाते हैं। धीरे-धीरे वे भावनात्मक रिश्ता बनाते हैं ताकि सामने वाला व्यक्ति उन पर पूरा यकीन कर ले।
जाल में फँसाने की तरकीब
जब भरोसा पूरी तरह बन जाता है, तब यह ठग अपना असली खेल शुरू करते हैं। वे पीड़ित को बताते हैं कि वे क्रिप्टो करेंसी या किसी खास इनवेस्टमेंट प्लेटफॉर्म से मोटा मुनाफा कमा रहे हैं। कई बार शुरू में वे नकली स्क्रीनशॉट दिखाकर अच्छा रिटर्न भी प्रदर्शित करते हैं। इससे लोग उनके झांसे में आ जाते हैं और हजारों–लाखों रुपये इनवेस्ट कर बैठते हैं।
लेकिन जैसे ही वे पैसा भेजते हैं, ठग अचानक गायब हो जाते हैं और पीड़ित के खाते से किया गया इनवेस्टमेंट हमेशा के लिए डूब जाता है।
I4C ने जारी की महत्वपूर्ण चेतावनी
I4C ने कहा है कि इस तरह के मामलों में शिकायतों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। कई लोग मेट्रिमोनियल साइटों पर भरोसा कर आसानी से ठगी का शिकार बन रहे हैं। इसीलिए एजेंसी ने कुछ खास सुरक्षा उपाय जारी किए हैं ताकि लोग खुद को सुरक्षित रख सकें।
कैसे बचें ‘फेक दूल्हे’ वाले स्कैम से?
1. प्रोफाइल की पहचान ज़रूर जांचें
किसी भी व्यक्ति की बातों पर तुरंत भरोसा न करें। उसका बैकग्राउंड, नौकरी, रहने की जगह आदि की सही जानकारी जुटाएं।
2. फोटो का रिवर्स इमेज सर्च करें
अगर प्रोफाइल की फोटो असली है या नहीं, यह जानने के लिए रिवर्स इमेज सर्च का इस्तेमाल करें। इससे पता चल जाएगा कि तस्वीर कहीं और किसी और नाम से तो मौजूद नहीं है।
3. निजी जानकारी साझा करने से बचें
शुरुआती बातचीत में फोन नंबर, पता, आईडी कार्ड या अपनी फोटो जैसी कोई भी पर्सनल जानकारी साझा न करें। जब तक व्यक्ति की पहचान और नीयत पर यकीन न हो, दूरी बनाए रखें।
4. पैसों का लेन-देन बिल्कुल न करें
अनजान व्यक्ति पर आंख बंद करके भरोसा न करें। ऑनलाइन मिले किसी भी व्यक्ति को पैसा भेजना सबसे बड़ा जोखिम है। हो सकता है वह साइबर ठग हो और आपका बैंक खाता खाली कर दे।
सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव
ऑनलाइन शादी के प्लेटफॉर्म लोगों को सही जीवनसाथी खोजने में मदद करते हैं, लेकिन इन्हीं प्लेटफॉर्म का गलत इस्तेमाल कर ठग मासूम लोगों की मेहनत की कमाई लूट रहे हैं। इसलिए ज़रूरी है कि किसी भी प्रोफाइल से बातचीत करते समय जागरूक रहें, हर जानकारी को जांचें और किसी भी प्रकार के निवेश के लालच में न आएं।
