पौंग डैम में पिछले दिनों की तुलना में पानी की आमद में कमी दर्ज की गई है। अधिकारियों के मुताबिक ऊपरी कैचमेंट क्षेत्रों में बारिश कम होने से पानी की आवक घटी है। इसके बावजूद डैम से नियंत्रित ढंग से पानी छोड़ा जा रहा है ताकि जलस्तर सुरक्षित सीमा के भीतर रहे।
खतरे के निशान के नजदीक पहुंचा जलस्तर
बुधवार शाम 6 बजे तक पौंग डैम का जलस्तर 1390.28 फीट दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान से ऊपर है। हालांकि स्थिति नियंत्रण में है और विशेषज्ञ लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड ने बढ़ाई सतर्कता
भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड (BBMB) ने सुरक्षा उपायों के तहत डैम से पानी की निकासी को थोड़ा बढ़ाया है। गुरुवार को टर्बाइन और स्पिलवे गेटों से करीब 44,671 क्यूसेक पानी शाह नहर बैराज में छोड़ा गया। यह कदम डैम पर दबाव कम करने और संभावित खतरे से बचाव के लिए उठाया गया है।
नदियों और नहरों में पानी छोड़ा गया
मिली जानकारी के अनुसार शाह नहर बैराज से 33,171 क्यूसेक पानी ब्यास नदी में और 11,500 क्यूसेक पानी मुकैरियां हाइडल नहर में छोड़ा जा रहा है। इससे नीचे बहने वाले क्षेत्रों में भी जलस्तर बढ़ने की संभावना बनी हुई है, जिसके चलते संबंधित प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
डैम की सुरक्षा पर कड़ी नजर
अधिकारियों ने बताया कि डैम की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। इंजीनियरों और विशेषज्ञों की टीम लगातार निगरानी कर रही है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन अलर्ट पर है।
स्थानीय लोगों से सावधानी बरतने की अपील
प्रबंधन ने स्थानीय निवासियों से अपील की है कि वे नदी और नहर किनारे अनावश्यक रूप से न जाएं। साथ ही, ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को प्रशासन के निर्देशों का पालन करने के लिए कहा गया है ताकि किसी भी प्रकार की दुर्घटना से बचा जा सके।
पौंग डैम का जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंचने के बावजूद फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर बारिश कम रही तो जल्द ही हालात सामान्य हो सकते हैं।
