पंजाब सरकार की ओर से नौवें पातशाह श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस को समर्पित आयोजनों में देशभर के नेताओं को आमंत्रित करने की पहल के तहत एक विशेष मुलाकात हुई। इस कड़ी में पंजाब के रोजगार सृजन, कौशल विकास एवं प्रशिक्षण मंत्री और आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्री अमन अरोड़ा तथा पर्यटन एवं सांस्कृतिक मामलों के मंत्री श्री तरुणप्रीत सिंह सौंद ने लखनऊ में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से शिष्टाचार भेंट की।
गुरु तेग बहादुर जी की शहादत को श्रद्धांजलि देने का निमंत्रण
इस बैठक का मुख्य उद्देश्य उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को पंजाब में आयोजित होने वाले श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के 350वें शहीदी दिवस से जुड़े कार्यक्रमों में शामिल होने का औपचारिक निमंत्रण देना था। मंत्रियों ने बताया कि यह आयोजन न केवल पंजाब के लिए, बल्कि पूरे देश और मानवता के लिए महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि यह धार्मिक स्वतंत्रता, बलिदान और मानवाधिकारों की रक्षा का प्रतीक हैं।
“गुरु साहिब की शहादत भारत की आत्मा का हिस्सा बनी”
श्री अमन अरोड़ा ने कहा कि श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की शहादत भारत के बहुलवादी और धार्मिक सहिष्णुता वाले समाज की नींव है। उन्होंने कहा,
“गुरु साहिब जी ने दिल्ली में अपने प्राण न्योछावर कर सभी धर्मों की स्वतंत्रता की रक्षा की। उनका बलिदान भारत की आत्मा में सदा के लिए समा गया। इन समागमों में योगी आदित्यनाथ जी की उपस्थिति राष्ट्रीय एकता और भाईचारे का प्रतीक होगी।”
“यह आयोजन राज्यों के बीच संबंध मजबूत करेगा”
पर्यटन एवं सांस्कृतिक मामलों के मंत्री श्री तरुणप्रीत सिंह सौंद ने कहा कि यह ऐतिहासिक अवसर पंजाब और उत्तर प्रदेश के सांस्कृतिक और आध्यात्मिक रिश्तों को और प्रगाढ़ बनाएगा। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार इस शुभ अवसर पर सभी राज्यों के नेताओं का स्वागत करने के लिए तत्पर है। “यह समागम पंजाब की समृद्ध परंपरा, सेवा भावना और ‘सर्वे भवंतु सुखिनः’ की भावना को दुनिया के सामने उजागर करेगा,” उन्होंने कहा।
योगी आदित्यनाथ ने निमंत्रण स्वीकार किया
इस दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पंजाब सरकार के इस सम्मानजनक निमंत्रण को ससम्मान स्वीकार किया और इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि गुरु तेग बहादुर साहिब जी की शहादत पूरे देश के लिए प्रेरणा स्रोत है और उनके द्वारा दिखाए गए आदर्श आज भी समाज को एकता और धर्मनिष्ठा की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं।
पंजाब सरकार की यह पहल देश के विभिन्न हिस्सों के बीच आध्यात्मिक एकता और सांस्कृतिक सद्भावना को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित होने वाले ये समागम देश के हर नागरिक को धार्मिक स्वतंत्रता, बलिदान और मानवता के मूल्यों की याद दिलाएंगे।
