पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने मिलावट और खराब गुणवत्ता वाले खाद्य पदार्थों के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। इस अभियान का मकसद है लोगों को शुद्ध और सुरक्षित खाना मुहैया कराना। सरकार ने पूरे राज्य में दूध, पनीर, देसी घी, मसाले, मिठाइयां, फल और सब्जियों के हजारों सैंपल लिए और उनकी सख्त जांच करवाई।
कितने सैंपलों की हुई जांच?
स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, पनीर के 2340 सैंपलों की जांच की गई, जिनमें से 1000 से अधिक सैंपलों में गड़बड़ी पाई गई। इस कार्रवाई में 5300 किलो से ज्यादा पनीर जब्त किया गया और 4200 किलो से ज्यादा पनीर को नष्ट कर दिया गया।
दूध के 2559 सैंपलों की जांच हुई, जिनमें 700 नमूने अमानक पाए गए। इसके बाद 4000 किलो दूध जब्त कर नष्ट कर दिया गया।
देसी घी, मसाले, मिठाइयां और फल-सब्ज़ियों के भी नमूने लिए गए और जहां भी मिलावट या खराब गुणवत्ता पाई गई, तुरंत सख्त कदम उठाए गए।
कार्रवाई और तकनीकी सहयोग
हर जिले में सरकार ने “फूड सेफ्टी ऑन व्हील्स” नाम की मोबाइल लैब यूनिट्स तैनात की हैं, जो मौके पर जाकर खाने-पीने की चीजों की जांच करती हैं। इसके अलावा, खरड़ की स्टेट फूड टेस्टिंग लैब, मोहाली का बायोटेक्नोलॉजी इनक्यूबेटर और लुधियाना की वेटरनरी यूनिवर्सिटी इस अभियान में तकनीकी सहायता दे रहे हैं।
बच्चों के लिए एनर्जी ड्रिंक्स पर बैन
सरकार ने एक और अहम कदम उठाते हुए बच्चों को बेचे जाने वाले एनर्जी ड्रिंक्स पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। पंजाब ऐसा करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है।
लोगों को जागरूक करने की पहल
सरकार ने अब तक 500 से ज्यादा जागरूकता शिविर लगाए हैं, जहां लोगों को बताया गया कि मिलावटी खाने से कैसे बचा जा सकता है। साथ ही, 150 से अधिक स्ट्रीट फूड हब को ‘ईट राइट इंडिया’ के तहत सर्टिफाइड किया गया है और क्लीन कैंपस अभियान भी चलाया गया है।
स्वास्थ्य मंत्री का बयान
पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि सबसे ज्यादा मिलावट पनीर और देसी घी में पाई गई है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे इन चीजों को सिर्फ भरोसेमंद दुकानों या ब्रांड्स से खरीदें, या फिर घर पर ही तैयार करें।
सरकार का साफ संदेश है – मिलावटखोरी किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और जनता को शुद्ध, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना सरकार की पहली प्राथमिकता है।
यह अभियान आने वाले समय में और तेज किया जाएगा ताकि पंजाब को मिलावट से मुक्त बनाया जा सके।
