पंजाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुवाई वाली आम आदमी पार्टी सरकार एक बार फिर कैबिनेट विस्तार की तैयारी में है। इस समय राज्य की कैबिनेट में दो मंत्री पद खाली हैं। नियमों के अनुसार पंजाब मंत्रिमंडल में मुख्यमंत्री समेत कुल 18 मंत्री हो सकते हैं। ऐसे में अब यह लगभग तय माना जा रहा है कि लुधियाना पश्चिम से विधायक बने संजीव अरोड़ा को कैबिनेट में शामिल किया जाएगा।
संजीव अरोड़ा को मंत्री बनाए जाने की चर्चा इसलिए भी ज़ोर पकड़ रही है क्योंकि आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने चुनाव प्रचार के दौरान खुद यह वादा किया था कि अगर अरोड़ा विधायक बनते हैं, तो उन्हें मंत्री पद दिया जाएगा। अब जब अरोड़ा विधायक बन चुके हैं, तो पार्टी अपने वादे को पूरा करने की ओर बढ़ रही है।
राज्यपाल से मांगी गई है अनुमति
मिली जानकारी के अनुसार, कैबिनेट विस्तार को लेकर राजभवन से अनुमति मांगी जा चुकी है। यह कार्यक्रम पहले ही हो सकता था, लेकिन उस समय राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया उदयपुर दौरे पर थे। उम्मीद की जा रही है कि वे आज शाम या फिर कल सुबह चंडीगढ़ लौट आएंगे। उनके लौटते ही कैबिनेट विस्तार का औपचारिक ऐलान हो सकता है।
और भी हो सकते हैं बदलाव
संजीव अरोड़ा का मंत्री बनना लगभग तय है, लेकिन यह भी कहा जा रहा है कि इस बार के कैबिनेट विस्तार में एक से अधिक चेहरे शामिल किए जा सकते हैं। कुछ मौजूदा मंत्रियों को हटाए जाने की भी चर्चाएं तेज़ हैं। यह भगवंत मान सरकार के कार्यकाल का सातवां कैबिनेट विस्तार होगा, जो बताता है कि पार्टी लगातार संगठन और सरकार में संतुलन बनाने की कोशिश कर रही है।
संजीव अरोड़ा ने दिया था राज्यसभा से इस्तीफा
गौरतलब है कि संजीव अरोड़ा इससे पहले राज्यसभा सांसद थे, लेकिन 1 जुलाई को उन्होंने अपनी सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था। यह इस्तीफा भी इस ओर इशारा करता है कि अब वे मंत्री पद की शपथ लेने की तैयारी कर रहे हैं।
संजीव अरोड़ा को मंत्री बनाए जाने की पूरी उम्मीद है और यह फैसला आम आदमी पार्टी के चुनावी वादों को निभाने की दिशा में एक और कदम माना जा रहा है। हालांकि यह अभी स्पष्ट नहीं है कि कैबिनेट में और किन नए चेहरों को जगह मिलेगी, लेकिन इस विस्तार से पंजाब की राजनीति में एक बार फिर हलचल बढ़ना तय है।
