मुख्यमंत्री भगवंत मान की पहल का परिणाम
पंजाब में राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली को तेज़, पारदर्शी और भ्रष्टाचार-मुक्त बनाने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की अगुवाई में एक बड़ा कदम उठाया गया है। सोमवार को राजस्व, पुनर्वास और आपदा प्रबंधन मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां ने 504 नए पटवारियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। यह भर्ती राज्य के निवासियों को बेहतर और समयबद्ध सेवाएं देने के उद्देश्य से की गई है।
18 महीने का सघन प्रशिक्षण
इन सभी नए पटवारियों ने 18 महीने का कठिन प्रशिक्षण पूरा किया है, जिसमें 12 महीने का क्लासरूम प्रशिक्षण और 6 महीने का फील्ड प्रशिक्षण शामिल था। प्रशिक्षण के लिए राज्यभर में 10 अस्थायी पटवार स्कूल खोले गए। इन स्कूलों में प्रिंसिपल, वाइस प्रिंसिपल और कानूनगो शिक्षक के रूप में अनुभवी और सेवानिवृत्त पीसीएस अधिकारी, ज़िला राजस्व अधिकारी, तहसीलदार और अनुभवी पटवारी शामिल रहे।

प्रशिक्षण में आधुनिक तकनीक और विविध विषय
प्रशिक्षण में उम्मीदवारों को भूमि रिकॉर्ड, सीमांकन, पैमाइश, रिकॉर्ड की तैयारी, चुनाव कार्य, कृषि से जुड़े नियम, और आईएलएमएस (Integrated Land Management System) सॉफ्टवेयर पर काम करने की विस्तृत जानकारी दी गई।
आईएलएमएस पर जमाबंदी की डेटा एंट्री, इंतकाल दर्ज करना, रोजनामचा और फर्द बद्र तैयार करने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
इसके अलावा, डीजीपीएस (Differential Global Positioning System) मशीन से सीमांकन का प्रशिक्षण और डिजिटल क्रॉप सर्वे के जरिए गिरदावरी करने की तकनीक भी सिखाई गई। कृषि विषय में खरीफ और रबी की फसलों, खाद, बीज और कीटनाशकों के बारे में विशेष जानकारी दी गई।

मेरिट के आधार पर नियुक्ति
मंत्री मुंडियां ने बताया कि 2023 में राजस्व पटवारियों की भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई थी। चयनित उम्मीदवारों को मेरिट के आधार पर ज़िले आवंटित किए गए और उसके बाद विभागीय परीक्षा का आयोजन किया गया। 26 मई से 3 जून 2025 तक हुई इस परीक्षा में सभी 504 उम्मीदवार सफल हुए, जिन्हें अब फील्ड में तैनात किया जा रहा है।
जनता को मिलेगा सीधा लाभ
सरकार का मानना है कि इस नई नियुक्ति से आम लोगों को ज़मीनी स्तर पर तेज़, पारदर्शी और परेशानी-मुक्त सेवाएं मिलेंगी। इससे ईज़ी जमाबंदी, ईज़ी रजिस्ट्री जैसे डिजिटल सुधार और प्रभावी रूप से लागू होंगे।
वित्त आयुक्त अनुराग वर्मा ने कहा कि इन युवाओं की तैनाती से विभाग के काम में तेजी आएगी और आम लोगों को बिना देरी के सेवाएं उपलब्ध होंगी।

भ्रष्टाचार पर सख्ती
मंत्री मुंडियां ने स्पष्ट कहा कि सरकार भ्रष्टाचार को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी। उनका विश्वास है कि नए और ऊर्जावान युवाओं की भर्ती से निचले स्तर पर पारदर्शिता बढ़ेगी और राज्य में भ्रष्टाचार-मुक्त प्रशासनिक व्यवस्था स्थापित होगी।
उन्होंने यह भी घोषणा की कि आने वाले समय में पटवारियों के अन्य खाली पदों पर भी भर्ती की जाएगी, ताकि राज्य के युवाओं को सरकारी सेवा का और अधिक अवसर मिल सके।
