प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगामी 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दिए जाने वाले अपने भाषण से पहले देशवासियों से सुझाव मांगे हैं। उन्होंने शुक्रवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट साझा कर लोगों से पूछा कि इस बार के भाषण में वे किन मुद्दों या विषयों को शामिल होते देखना चाहते हैं।
‘मन की बात’ जैसी पहल की तर्ज पर जनभागीदारी
प्रधानमंत्री ने लिखा, “जैसे-जैसे हम इस साल के स्वतंत्रता दिवस के करीब पहुंच रहे हैं, मैं अपने देशवासियों से सुझाव सुनने के लिए उत्सुक हूं। आप इस बार के भाषण में किन विचारों या विषयों को सुनना चाहते हैं?” उन्होंने इस अपील के ज़रिए एक बार फिर जनभागीदारी की परंपरा को आगे बढ़ाया है, जैसी कि वे अपनी अन्य पहलों जैसे ‘मन की बात’ में करते आए हैं।
‘माईगव’ और ‘नमो ऐप’ के ज़रिए भेज सकते हैं सुझाव
प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में नागरिकों से अनुरोध किया कि वे अपने विचार और सुझाव ‘MyGov’ प्लेटफॉर्म और ‘NaMo App’ के माध्यम से साझा करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि हर एक नागरिक का सुझाव कीमती है और सरकार देश की आकांक्षाओं को जानकर उस दिशा में कदम बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।
स्वतंत्रता दिवस भाषण में जनता की आवाज़ शामिल करने की परंपरा
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषणों में जनता की राय को शामिल करने की एक परंपरा कायम की है। पहले भी वे विभिन्न सार्वजनिक मंचों से लोगों के सुझावों को शामिल कर चुके हैं। इससे उनके भाषणों को जनभावनाओं से जोड़ने में मदद मिलती है।
12वां भाषण होगा लाल किले से
इस वर्ष प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार 12वीं बार लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करेंगे। हर बार की तरह इस बार भी उनके भाषण से देश को नई दिशा देने वाले संदेशों की उम्मीद की जा रही है।
