पंजाब में पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही बारिश का असर अब राज्य की नदियों पर दिखने लगा है। रावी नदी में पानी का स्तर खतरनाक रूप से बढ़ गया है। सोमवार को नदी में दबाव कम करने के लिए 1 लाख 25 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जिससे आस-पास के इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बनने का खतरा पैदा हो गया है।
MLA कुलदीप सिंह धालीवाल पहुंचे रावी नदी
स्थिति का जायजा लेने के लिए पंजाब के विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल खुद रावी नदी के किनारे पहुंचे। उन्होंने मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों से बातचीत की और बाढ़ से निपटने के लिए किए गए इंतज़ामों की जानकारी ली। धालीवाल ने कहा कि राज्य सरकार पूरी चौकसी बरत रही है और बाढ़ की आशंका से निपटने के लिए सभी ज़रूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
लोगों और किसानों को सतर्क रहने की अपील
धालीवाल ने चेतावनी दी कि नदी का जलस्तर आगे और भी बढ़ सकता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे रावी नदी के किनारे न जाएं और अपने परिवार को भी सुरक्षित दूरी पर रखें। किसानों को भी कहा गया है कि वे अपने पशुओं और फसलों की सुरक्षा के लिए अग्रिम कदम उठाएं। धालीवाल ने स्पष्ट कहा कि यदि लोग सुरक्षा नियमों का पालन करेंगे तो संभावित नुकसान से बचा जा सकता है।
प्रशासन ने जारी की चेतावनी, राहत टीमें अलर्ट पर
प्रशासन की ओर से नदी किनारे बसे गांवों के निवासियों को पहले ही चेतावनी जारी कर दी गई है। राहत और बचाव टीमें पूरी तरह से अलर्ट पर रखी गई हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके। धालीवाल ने भरोसा दिलाया कि बाढ़ जैसी संभावित स्थिति से निपटने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
सरकार ने किए पुख्ता इंतज़ाम
MLA धालीवाल ने कहा कि पंजाब सरकार लोगों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि प्रशासन ने पहले ही अस्थायी राहत केंद्र और मेडिकल सहायता सुविधाएं तैयार कर ली हैं। अगर जलस्तर और बढ़ता है तो प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया जाएगा।
पहाड़ी इलाकों में बारिश का सिलसिला जारी रहने से पंजाब में बाढ़ का खतरा टलता नहीं दिख रहा। ऐसे में प्रशासन और सरकार की अपील है कि लोग सतर्क रहें और अनावश्यक जोखिम न उठाएं।
