पंजाब के सरकारी कर्मचारियों और सरकार के बीच लंबे समय से चल रहे मांगों के मुद्दे पर अब बातचीत का रास्ता खुल गया है। मुख्यमंत्री भगवंत मान 27 अगस्त 2026 को सरकारी कर्मचारियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक करेंगे। यह बैठक दोपहर 12 बजे पंजाब भवन, चंडीगढ़ में होगी। बैठक में कर्मचारियों की लंबित मांगों पर विस्तार से चर्चा होने की उम्मीद है।
कोऑर्डिनेशन कमेटी के नेताओं से मुलाकात
जानकारी के मुताबिक, मुख्यमंत्री भगवंत मान सरकारी कर्मचारियों की कोऑर्डिनेशन कमेटी के नेताओं के साथ बातचीत करेंगे। कर्मचारी संगठन इस बैठक में अपनी प्रमुख मांगों को सरकार के सामने रखेंगे। सबसे अहम मुद्दों में लंबित महंगाई भत्ता यानी DA का बकाया शामिल है। कर्मचारी लंबे समय से बकाया वित्तीय लाभ जारी करने की मांग कर रहे हैं।
प्रदर्शन के बाद बातचीत का रास्ता
अपनी मांगों को लेकर कर्मचारी संगठनों की ओर से हाल ही में चंडीगढ़ में प्रदर्शन भी किया गया था। कर्मचारियों का कहना है कि उनकी कई मांगें लंबे समय से लंबित हैं और सरकार को इन पर जल्द फैसला लेना चाहिए। ऐसे में मुख्यमंत्री के साथ होने वाली बैठक को बातचीत के जरिए समाधान निकालने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
DA बकाया कर्मचारियों का बड़ा मुद्दा
DA का बकाया पंजाब के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों से जुड़ा प्रमुख मुद्दा है। महंगाई बढ़ने के साथ कर्मचारी लंबे समय से लंबित DA की किस्तों और बकाए को जारी करने की मांग कर रहे हैं। इस मुद्दे को लेकर कर्मचारी संगठन लगातार सरकार पर दबाव बनाते रहे हैं।
पुरानी पेंशन योजना की बहाली की मांग
DA के अलावा कर्मचारी संगठन पुरानी पेंशन योजना यानी OPS को बहाल करने की मांग भी उठा रहे हैं। इसके साथ ही लंबित वित्तीय लाभ, वेतन और कर्मचारियों से जुड़े अन्य मुद्दे भी बैठक में रखे जा सकते हैं। कर्मचारियों की कोशिश है कि सरकार के साथ सीधे संवाद के जरिए इन मांगों पर ठोस निर्णय हो।
