त्योहारी सीजन में मिलावटी खाद्य पदार्थों पर रोक लगाने के लिए फूड सेफ्टी टीम ने जिलेभर में एक विशेष अभियान चलाया। टीम ने फिरोजपुर रोड, मुल्लांपुर, सुधर और जगरोआं सहित कई इलाकों में छापेमारी कर 15 खाद्य पदार्थों के सैंपल लिए। इस अभियान का मकसद बाजारों में बिक रही खाने-पीने की चीज़ों की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करना था।
इन चीज़ों के लिए गए सैंपल टीम ने मिठाइयों, दूध केक, पनीर, घी, गुड़, खंड, चीनी, धनिया, काली मिर्च और लाल मिर्च पाउडर जैसे आमतौर पर इस्तेमाल होने वाले उत्पादों के सैंपल एकत्र किए। कई मिठाइयों में चांदी के वर्क लगे पाए गए, जिनकी शुद्धता की जांच की जाएगी। सभी सैंपल्स को राज्य खाद्य प्रयोगशाला (State Food Lab) में भेजा गया है, जहां उनकी FSSAI मानकों के अनुसार जांच होगी।
गुड़ निर्माण यूनिट से भारी मात्रा में सामान जब्त निरीक्षण के दौरान टीम ने ताजपुर गांव स्थित एक गुड़ निर्माण यूनिट पर छापा मारकर करीब 500 किलो खंड, 1,160 किलो चीनी और 1,037 किलो गुड़ जब्त किया। जब्त की गई सामग्री को जांच पूरी होने तक सील कर दिया गया है। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के मुताबिक, प्रयोगशाला रिपोर्ट आने के बाद कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जनता के लिए जारी हुआ व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबर सिविल सर्जन डॉ. रमनदीप कौर ने बताया कि राज्य के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने मिलावटखोरी की शिकायत दर्ज कराने के लिए व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबर 9464494180 जारी किया है। यह नंबर त्योहारों के सीजन में जनता के लिए सक्रिय रहेगा। उन्होंने बताया कि इस नंबर पर मिली हर शिकायत सीधे राज्य मुख्यालय को भेजी जाएगी और शिकायतकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
फूड बिजनेस ऑपरेटरों के लिए जरूरी नियम डॉ. कौर ने सभी फूड बिजनेस ऑपरेटरों (FBOs) से अपील की कि वे अपने प्रतिष्ठान के लिए मान्य फूड लाइसेंस या रजिस्ट्रेशन अवश्य करवाएं। उन्होंने कहा कि मिठाइयों और डेयरी उत्पादों पर “बेस्ट बिफोर” यानी उपभोग की अंतिम तारीख स्पष्ट रूप से लिखी जानी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि किसी भी अवैध रंग, सुगंध या केमिकल का इस्तेमाल FSSAI के नियमों के खिलाफ है और ऐसा करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
त्योहारी सीजन में सख्त निगरानी जारी स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि त्योहारों के दौरान खासकर खोया और घी आधारित उत्पादों की गहन जांच की जाएगी। दुकानदारों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि उनके उत्पाद लेबलिंग और पैकेजिंग मानकों का पालन करें और किसी भी समय फूड सेफ्टी इंस्पेक्शन के लिए तैयार रहें।
यह अभियान विभाग की उस मुहिम का हिस्सा है, जिसके तहत जनता को मिलावटी खाद्य पदार्थों से बचाना और स्वच्छ, सुरक्षित भोजन उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से भी अपील की है कि वे संदिग्ध खाद्य उत्पादों की सूचना तुरंत साझा करें ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।