बिहार की राजनीति में 14 अप्रैल 2026 को बड़ा बदलाव देखने को मिला। लंबे समय तक मुख्यमंत्री रहे Nitish Kumar ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया।
उन्होंने यह फैसला राज्यसभा में जाने और नई राजनीतिक भूमिका निभाने के चलते लिया। उनके इस्तीफे के साथ ही राज्य में नई सरकार बनने का रास्ता साफ हो गया।
आखिरी कैबिनेट बैठक और भावुक पल
इस्तीफा देने से पहले नीतीश कुमार ने अपनी आखिरी कैबिनेट बैठक की। इस दौरान उन्होंने अपने कार्यकाल की उपलब्धियों का जिक्र किया और कहा कि वे आगे भी नई सरकार को मार्गदर्शन देते रहेंगे।
बैठक के बाद उन्होंने राज्यपाल से मिलकर अपना इस्तीफा सौंप दिया, जिससे एक लंबे राजनीतिक दौर का अंत माना जा रहा है।
नया मुख्यमंत्री कौन?
इस्तीफे के बाद सबसे बड़ा सवाल नए मुख्यमंत्री को लेकर था। जानकारी के अनुसार, भाजपा विधायक दल की बैठक में Samrat Choudhary को नेता चुना गया है और वे बिहार के अगले मुख्यमंत्री बनेंगे।
यह पहली बार होगा जब बिहार में भाजपा के नेतृत्व में सरकार बनने जा रही है।
नई सरकार की तैयारी
इस्तीफे के साथ ही NDA ने नई सरकार बनाने की प्रक्रिया तेज कर दी। विधायक दल की बैठकों के बाद राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का दावा पेश किया गया। नई सरकार के शपथ ग्रहण की तैयारी भी शुरू कर दी गई है, जो अगले दिन आयोजित हो सकती है।
राजनीतिक समीकरण में बदलाव
इस बदलाव के साथ बिहार की राजनीति में नया समीकरण बनता दिख रहा है। भाजपा अब राज्य में नेतृत्व की भूमिका में आ रही है, जबकि जेडीयू सहयोगी के रूप में बनी रहेगी।
नीतीश कुमार का यह कदम राज्य की राजनीति में एक नए दौर की शुरुआत माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह बदलाव सिर्फ नेतृत्व परिवर्तन नहीं, बल्कि बिहार की राजनीति की दिशा बदलने वाला कदम है। अब सभी की नजर नई सरकार के फैसलों और उसके कामकाज पर रहेगी, जिससे आने वाले समय में राज्य की राजनीति और विकास की दिशा तय होगी।
