पंजाब में आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद Ashok Kumar Mittal के घर और उनकी यूनिवर्सिटी में ED की रेड के बाद सियासी माहौल गरमा गया है। इस कार्रवाई को लेकर मुख्यमंत्री Bhagwant Mann ने भाजपा पर तीखा निशाना साधा है। उनका कहना है कि यह सब पंजाब चुनाव की तैयारी के तहत किया जा रहा है।
CM मान का बयान और शायरी में हमला
भगवंत मान ने इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह “टिपिकल मोदी स्टाइल” है, जिसमें विपक्षी नेताओं को दबाने के लिए एजेंसियों का इस्तेमाल किया जाता है। उन्होंने अपने बयान में शायरी के जरिए भी संदेश दिया—
“हम वो पत्ते नहीं जो शाख से टूट कर गिर जाएँगे,
आंधियों को कह दो अपनी औकात में रहें…”
उनके इस बयान के बाद राजनीतिक माहौल और ज्यादा गर्म हो गया है।
कौन हैं अशोक कुमार मित्तल
Ashok Kumar Mittal पंजाब की मशहूर Lovely Professional University के संस्थापक हैं। यह पंजाब की पहली बड़ी निजी यूनिवर्सिटी मानी जाती है। मित्तल की पहचान एक शिक्षाविद और समाजसेवी के रूप में रही है, जिन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा योगदान दिया है।
राजनीति में एंट्री और भूमिका
अशोक मित्तल ने साल 2022 में सक्रिय राजनीति में कदम रखा और उसी साल अप्रैल में वह राज्यसभा सांसद बने। इसके बाद से वह कई महत्वपूर्ण संसदीय समितियों का हिस्सा रहे हैं, जिनमें रक्षा समिति और वित्त समिति शामिल हैं। फरवरी 2026 में गठित एक नई समिति में भी उन्हें सदस्य बनाया गया है, जिससे उनकी राजनीतिक सक्रियता और बढ़ी है।
एजेंसियों के इस्तेमाल पर बहस
इस मामले के सामने आने के बाद एक बार फिर यह बहस तेज हो गई है कि क्या केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए किया जा रहा है। आम आदमी पार्टी इसे राजनीतिक दबाव बता रही है, जबकि विपक्षी दलों की ओर से इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। फिलहाल यह मुद्दा पंजाब की राजनीति में चर्चा का केंद्र बना हुआ है।
