निर्देशक श्रीराम राघवन की आने वाली फिल्म ‘इक्कीस’ इन दिनों खास चर्चा में है। इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि यह बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र की बड़े पर्दे पर आखिरी फिल्म मानी जा रही है। फिल्म 1 जनवरी को सिनेमाघरों में रिलीज होने जा रही है, लेकिन इससे पहले मुंबई में इसकी एक खास स्क्रीनिंग रखी गई, जिसमें फिल्म इंडस्ट्री के कई जाने-माने चेहरे शामिल हुए।
इस स्पेशल स्क्रीनिंग में कास्टिंग डायरेक्टर मुकेश छाबड़ा भी मौजूद थे। फिल्म देखने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर ‘इक्कीस’ को लेकर अपनी भावनाएं जाहिर कीं। उनका रिव्यू सामने आते ही फिल्म को लेकर दर्शकों की उत्सुकता और भी बढ़ गई है।
मुकेश छाबड़ा ने अपने पोस्ट में लिखा कि ‘इक्कीस’ एक ऐसी फिल्म है, जो पूरी तरह दिल से बनाई गई लगती है। कहानी बेहद कोमल, सच्ची और ईमानदार है, जो फिल्म खत्म होने के बाद भी लंबे समय तक मन में बनी रहती है। उन्होंने खास तौर पर धर्मेंद्र की एक्टिंग का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें स्क्रीन पर देखना बेहद भावुक कर देने वाला अनुभव था। उनके मुताबिक, धर्मेंद्र ने अपने किरदार में जो गरिमा और गहराई दिखाई है, वह सीधे दिल को छू जाती है। अगर यह वाकई उनकी आखिरी फिल्म है, तो यह एक बेहद खूबसूरत विदाई कही जा सकती है।
मुकेश छाबड़ा ने फिल्म में जयदीप अहलावत की भी जमकर तारीफ की और कहा कि उनका अभिनय उम्मीदों से कहीं ज्यादा शानदार है। उन्होंने यह भी माना कि फिल्म ने उन्हें कई जगह चौंकाया, जो किसी भी अच्छी कहानी की पहचान होती है।
इसके अलावा फिल्म के नए चेहरों पर भी उन्होंने खुलकर बात की। अगस्त्य नंदा और सिमर भाटिया की स्क्रीन प्रेजेंस को उन्होंने बेहद आकर्षक बताया। उनके अनुसार, दोनों की केमिस्ट्री स्वाभाविक और दिल को भाने वाली है। अगस्त्य की मासूमियत और ईमानदारी उनके अभिनय में साफ झलकती है। वहीं विवान शाह और सिकंदर खेर के काम को भी उन्होंने आउटस्टैंडिंग बताया।
मुकेश छाबड़ा ने निर्देशक श्रीराम राघवन की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वे सिनेमा को कितनी सच्चाई और संवेदनशीलता से पेश करते हैं। ‘इक्कीस’ उनके मुताबिक एक ऐसी फिल्म है, जो भव्य नहीं, बल्कि निजी और दिल के बेहद करीब महसूस होती है।
